'अमित शाह मराठियों के सबसे बड़े दुश्मन', Sanjay Raut बोले- शिवसेना को तोड़ने के लिए करोड़ों रुपये हुए खर्च

By अंकित सिंह | Feb 20, 2023

महाराष्ट्र की राजनीति जबरदस्त तरीके से गर्म है। पिछले साल शिवसेना के भीतर हुए विभाजन के बाद से सबसे बड़ा सवाल यही था कि असली शिवसेना किसके पास है? चुनाव आयोग ने इस बात का भी निर्णय कर दिया है। चुनाव आयोग ने मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे गुट को शिवसेना और पार्टी का चुनाव चिन्ह सौंप दिया। इसके बाद से उद्धव ठाकरे और उनके करीबी जबरदस्त तरीके से भाजपा पर हमलावर है। इन सबके बीच संजय राउत ने साफ तौर पर दावा किया है कि शिवसेना को तोड़ने के लिए करोड़ों रुपए खर्च हुए हैं। उन्होंने अमित शाह को महाराष्ट्र और मराठों का दुश्मन नंबर एक भी बताया है। 

 

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इसके साथ ही संजय राउत ने यह भी कहा है कि शिवसेना महाराष्ट्र का स्वाभिमान और अस्मिता है। उन्होंने कहा कि बाला साहेब ठाकरे ने महाराष्ट्र के स्वाभिमान के लिए शिवसेना बनाई थी। शिवसेना तोड़कर, खरीदकर आप लोग जिस प्रकार से विकट हास्य कर रहे हो उसका मतलब क्या होता है। उन्होंने हुंकार भरते हुए कहा कि शिवसेना खत्म नहीं होगी। यह अंगारा है, अग्नि है, जो बुझेगी नहीं। इन सब के बीच उद्धव ठाकरे गुट ने एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाले गुट को असली शिवसेना मानने और उसे चुनाव चिह्न ‘‘धनुष एवं तीर’’ आवंटित करने के निर्वाचन आयोग के फैसले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी है।

 

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इससे पहले संजय राउत ने दावा किया था कि शिवसेना पार्टी के नाम एवं निशान ‘तीर-धनुष’ को ‘‘खरीदने’’ के लिए अब तक ‘‘2000 करोड़ रुपये का सौदा’’ हुआ है। राउत ने एक ट्वीट में दावा किया कि 2000 करोड़ रुपये का शुरुआती आंकड़ा है और यह बात शत-प्रतिशत सच्ची है। उन्होंने संवाददाताओं से यह भी कहा कि सत्तारूढ़ गठबंधन के करीबी एक बिल्डर ने उन्हें यह बात बतायी है। राज्यसभा सदस्य राउत ने कहा कि उनके दावे के पक्ष में सबूत हैं जिसे वह शीघ्र ही सामने लायेंगे। 

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