By अंकित सिंह | May 08, 2026
शिवसेना (यूबीटी) सांसद संजय राउत ने शुक्रवार को कहा कि उन्होंने पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव परिणामों पर बधाई संदेशों की खबरों के संबंध में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प को पत्र लिखा है, जिसमें उन्होंने देश में लोकतांत्रिक प्रक्रिया पर चिंता व्यक्त की है। अमेरिकी राष्ट्रपति को लिखे अपने ट्वीट के बारे में पत्रकारों से बात करते हुए राउत ने कहा कि उनका मानना है कि चुनाव को लेकर विपक्षी नेताओं द्वारा उठाई जा रही चिंताओं को अंतरराष्ट्रीय समुदाय के समक्ष रखना उनका कर्तव्य है।
उन्होंने कहा कि मुझे लगता है कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को सही करना मेरा कर्तव्य है। दुनिया को भी पता होना चाहिए कि इस देश में, पश्चिम बंगाल में, तमिलनाडु में और असम में लोकतंत्र के नाम पर क्या हो रहा है। मुझे विश्वास नहीं होता कि डोनाल्ड ट्रंप ने मेरा ट्वीट पढ़ा होगा, लेकिन मैंने अपना कर्तव्य निभाया... ये भाजपा के लोग मोदी की छवि खराब कर रहे हैं। तमिलनाडु में चल रहे राजनीतिक घटनाक्रम पर टिप्पणी करते हुए राउत ने आरोप लगाया कि राज्यपाल भाजपा के पक्ष में काम कर रहे हैं और कहा कि सरकार बनाने के लिए सबसे पहले सबसे बड़ी पार्टी को आमंत्रित किया जाना चाहिए।
उन्होंने कहा कि राजभवन में भाजपा के एजेंट बैठे हैं, और इसे लोकभवन कहा जाता है। लेकिन लोकभवन में जनता की भावनाओं और वोटों की हत्या की जाती है। 108 सदस्यों वाली पार्टी को पहले बुलाया जाना चाहिए। यही हमारा संविधान कहता है। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के बारे में राउत ने कहा कि विपक्षी दल "लोकतंत्र को बचाने की लड़ाई" में उनका समर्थन करेंगे। उन्होंने कहा कि अब ममता लड़ेंगी। हम सब ममता के इस संघर्ष में उनके साथ खड़े होंगे। उद्धव ठाकरे ने उनसे बात की है। लोकतंत्र को बचाने की लड़ाई पूरे देश में जारी रहेगी, और हम सब इसमें शामिल होंगे।