SC ने याचिकाकर्ता को पेगासस मामले को लेकर सोशल मीडिया पर 'समानांतर बहस' से बचने की दी नसीहत, कहा- सिस्टम पर रखें भरोसा

By अभिनय आकाश | Aug 10, 2021

सुप्रीम कोर्ट से जासूसी की जांच की मांग की गई है। आज सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने याचिकाकर्ताओं से पूछा कि क्या शिकायत की कॉपी सरकार को दे दी गई है। जिसके बाद केंद्र सरकार के वकील ने कहा कि हां, शिकायत की कॉपी मिल गई है। सुनवाई 16 अगस्त तक के लिए टाल दी गई है। सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को पेगासस जासूसी मामले की जांच की मांग करने वाले याचिकाकर्ताओं से कहा कि उन्हें "सिस्टम में विश्वास होना चाहिए" और "सोशल मीडिया पर समानांतर बहस" में भाग लेने से बचना चाहिए। भारत के मुख्य न्यायाधीश एन वी रमना की अध्यक्षता वाली तीन-न्यायाधीशों की पीठ ने कहा: “किसी को भी सीमा पार नहीं करनी चाहिए और सभी को मामले में अवसर दिया जाएगा। हम बहस के खिलाफ नहीं हैं लेकिन जब मामला कोर्ट में हो तो इस पर यहां विचार करना चाहिए।

इसे भी पढ़ें: पेगासस जासूसी विवाद पर चिदंबरम ने ट्वीट कर सरकार पर किया हमला, कहा- इस मामले में प्रधानमंत्री चुप क्यों हैं?

 5 अगस्त को पिछली सुनवाई में, शीर्ष अदालत ने आरोपों को "गंभीर" बताया था और पक्षों से कहा था कि वे पहले अपनी याचिकाओं की प्रतियां सरकारी वकील को दें, जिसके बाद वह मामले की फिर से सुनवाई करेगी।  बता दें कि मामले में अदालत के समक्ष तीन याचिकाएं हैं, एक वरिष्ठ पत्रकार एन राम और शशि कुमार द्वारा दायर की गई हैं, दूसरी अधिवक्ता एमएल शर्मा द्वारा और तीसरी सीपीआई (एम) के राज्यसभा सांसद जॉन ब्रिटास द्वारा दायर की गई है। राम और कुमार ने आरोपों की उच्चतम न्यायालय के मौजूदा या पूर्व न्यायाधीश से जांच कराने की मांग की है।

प्रमुख खबरें

Allahabad High Court ने जब्त XUV के दुरुपयोग और सड़क हादसे की DGP जांच के दिए आदेश

White House में Donald Trump से मिले शी चिनफिंग, द्विपक्षीय संबंधों में नए आयाम की उम्मीद

NIA कोर्ट ने PFI के 4 सदस्यों को शशिकुमार मर्डर केस में सुनाई उम्रकैद

AIIMS Nagpur: सुरक्षा के आश्वासन के बाद रेजिडेंट डॉक्टरों की हड़ताल खत्म