By अंकित सिंह | Aug 08, 2022
बिहार में सियासी भूचाल के संकेत दिखाई दे रहे हैं। सूत्रों के मुताबिक बिहार में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार कभी भी पाला बदल सकते हैं। हालांकि, खबर यह भी है कि मंगलवार को मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने जदयू के सांसदों और विधायकों की एक बड़ी बैठक बुलाई है। इस बैठक में आगे की रणनीति पर चर्चा हो सकती है। इस बैठक के बाद ही नीतीश कुमार कोई बड़ा कदम भी उठा सकते हैं। इन सबके बीच भाजपा भी सक्रिय हो गई है। भाजपा का दावा है कि गठबंधन में सब कुछ ठीक-ठाक है और हमारी सरकार 5 सालों तक चलेगी। लेकिन कहीं ना कहीं अंदरखाने की स्थिति कुछ और है। तभी तो भाजपा ने अपने दो बड़े नेताओं को बिहार से दिल्ली बुलाया है। बिहार सरकार में मंत्री और भाजपा के वरिष्ठ नेताओं में से एक शाहनवाज हुसैन और सांसद रविशंकर प्रसाद को पार्टी आलाकमान ने दिल्ली बुलाया है। खबर के मुताबिक भाजपा इन दोनों नेताओं पर बिहार सरकार बचाने की जिम्मेदारी सौंप सकती हैं।
वहीं, नीतीश कुमार के बेहद करीबी और बिहार के शिक्षा मंत्री विजय चौधरी ने कहा है कि एनडीए में कुछ भी गड़बड़ नहीं है। आपसी सहमति और साझेदारी से सरकार चल रही है। कल की बैठक को लेकर उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार इस बात का निर्णय लेंगे कि आगे की राजनीति में गठबंधन धर्म का पालन कैसे करना है। वहीं, जदयू की बैठक पर पार्टी विधायक गोपाल मंडल ने कहा कि हमारी पार्टी के आलाकमान ने हमें आदेश दिया है कि आज रात 8 बजे तक सभी को पटना पहुंचना है। कल बैठक में क्या होगा ये नहीं कह सकता लेकिन जरूर कुछ भूचाल आएगा। अभी तक तो हम गठबंधन में है लेकिन अब कल बैठक में निर्णय होगा।