By प्रभासाक्षी न्यूज़ डेस्क | Sep 30, 2026
राज्यसभा चुनाव के लिये समाजवादी पार्टी (सपा) के उम्मीदवार धनराज परिमल नथवानी ने अपने, अपनी पत्नी और दो आश्रितों के नाम पर 373 करोड़ रुपये से अधिक की चल-अचल संपत्ति घोषित की है। उन्होंने वित्त वर्ष 2025-26 के लिए अपनी वार्षिक आय 19.61 करोड़ रुपये बताई है। नथवानी (40) को सपा ने उत्तर प्रदेश से राज्यसभा चुनाव के लिए उम्मीदवार बनाया है।
नथवानी की चल संपत्ति में करीब 55.76 करोड़ रुपये के शेयर, बॉन्ड, ऋणपत्र और म्यूचुअल फंड में निवेश शामिल हैं। इसके अलावा उनके बैंक खातों में लगभग 10.63 करोड़ रुपये जमा हैं, जबकि करीब 6.92 करोड़ रुपये व्यक्तिगत ऋण एवं प्राप्य राशि के रूप में दर्ज हैं। डाकघर बचत योजनाओं और बीमा में करीब 2.81 करोड़ रुपये का निवेश है।
हलफनामे के विवरण के मुताबिक नथवानी की पत्नी ने शेयर, बॉन्ड और अन्य वित्तीय साधनों में करीब 199.44 करोड़ रुपये के निवेश की घोषणा की है। उनके पास लगभग 1.87 करोड़ रुपये की बैंक जमा राशि तथा 8.54 करोड़ रुपये के आभूषण और अन्य मूल्यवान वस्तुएं हैं। शपथपत्र के मुताबिक नथवानी की स्वयं अर्जित अचल संपत्तियों का मौजूदा बाजार मूल्य करीब 27.67 करोड़ रुपये और उनकी पत्नी की ऐसी संपत्तियों का मूल्य 53.59 करोड़ रुपये है, जबकि इन संपत्तियों की खरीद लागत क्रमशः 7.93 करोड़ रुपये और 32.49 करोड़ रुपये बताई गई है।
हलफनामे के मुताबिक नथवानी पर करीब 3.01 करोड़ रुपये की देनदारियां हैं, जिनमें 41.59 लाख रुपये सरकारी बकाया और करीब 2.59 करोड़ रुपये बैंक तथा अन्य संस्थानों के ऋण शामिल हैं। उनकी पत्नी की देनदारियां करीब 18.56 लाख रुपये हैं। विवरण के मुताबिक वर्ष 2025-26 में नथवानी ने अपनी आमदनी 19.61 करोड़ रुपये और पत्नी की आय करीब 1.48 करोड़ रुपये बताई है।
उनकी आय के स्रोतों में पेशेवर आय, किराया, पूंजीगत लाभ और अन्य स्रोत शामिल हैं। हलफनामे में नथवानी का पेशा रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड के पेशेवर सलाहकार तथा गैर-सूचीबद्ध कंपनियों के निदेशक के रूप में दर्ज है। उन्होंने तीन निजी कंपनियों में शेयरधारक होने की भी घोषणा की है।
नथवानी ने अपने खिलाफ कोई आपराधिक मामला लंबित नहीं होने और किसी मामले में दोषी नहीं ठहराए जाने की जानकारी दी है। हलफनामे के अनुसार नथवानी की उच्चतम शैक्षणिक योग्यता कॉरपोरेट कानून और जनसंपर्क प्रबंधन में विशेषज्ञता के साथ एमबीए है, जो उन्होंने सितंबर 2008 में दूरस्थ शिक्षा के माध्यम से पूरी की थी।