By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Apr 04, 2022
नयी दिल्ली। श्रीलंका को ढेरों सफलताएं दिलाने वाले पूर्व दिग्गज बल्लेबाजों महेला जयवर्धने और कुमार संगकारा ने एक बार फिर एकजुट होते हुए देश के राजनेताओं के खिलाफ हमला बोला है क्योंकि देश को अपने सबसे विकट वित्तीय संकट का सामना करना पड़ रहा है। श्रीलंका को वित्तीय और राजनीतिक संकट का सामना करना पड़ रहा है और लोग खाने, ईंधन और दवाओं की बढ़ती कीमतों के खिलाफ सड़कों पर उतर रहे हैं। देश का मौजूदा विदेशी मुद्रा कोष सिर्फ दो अरब 10 करोड़ डॉलर रह गया है। राष्ट्रपति गोटबाया राजपक्षे से लगातार इस्तीफे मांगा जा रहा है लेकिन वह पद पर बने हुए हैं।
लोग सड़कों पर उतर आए हैं और पुलिस विरोध प्रदर्शन को कुचलने के लिए बल का इस्तेमाल कर रही है और ऐसे में जयवर्धने चाहते हैं कि नेता अपनी गलतियों को स्वीकार करें। जयवर्धने ने लिखा, ‘‘श्रीलंका में आपातकाल और कर्फ्यू देखकर दुख होता है। सरकार लोगों की जरूरतों को नजरअंदाज नहीं कर सकती जिनके पास विरोध करने का पूरा अधिकार है। विरोध करने वाले लोगों को हिरासत में लेना स्वीकार्य नहीं है और मुझे श्रीलंका के साहसी वकीलों पर गर्व है जो उनकी रक्षा के लिए आगे आए। ’’
उन्होंने कहा, ‘‘सच्चे नेता अपनी गलती स्वीकार करते हैं। हमारे देश में लोगों को बचाने के लिए आपात कदम उठाने की जरूरत है, मुश्किल के समय में सब साथ हैं। यह समस्याओं लोगों ने खड़ी की हैं और इसे सही, सक्षम लोग ठीक कर सकते हैं। ’’ टीम के इन दोनों के पूर्व साथी और अपने समय के आईसीसी के शीर्ष मैच रैफरी में से एक रोशन महानामा भी सड़कों पर उतरे। उन्होंने लिखा, ‘‘आज मैंने पड़ोस में विरोध प्रदर्शन में हिस्सा लिया क्योंकि मुझे लगता है कि मेरी मातृभूमि के निर्दोष लोगों के खिलाफ समर्थन दिखाने की जरूश्रत है जो हमारे देश में ताकत के भूखे नेताओं के खिलाफ जंग की राह पर हैं।’’ पंजाब किंग्स के बल्लेबाज भानुका राजपक्षे ने कहा, ‘‘मैं मीलों दूर हूं लेकिन मैं श्रीलंका के अपने साथी लोगों की नाराजगी महसूस कर सकता हूं क्योंकि उन्हें रोजमर्रा की जरूरतों के लिए जूझना पड़ रहा है।