पराली समस्या पर बोले अरविंद केजरीवाल, पूसा का 'बायो-डीकम्पोजर' सफल, SC को बताएंगे

By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Nov 04, 2020

नयी दिल्ली। मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि पूसा द्वारा तैयार ‘बायो डीकम्पोजर’ (एक प्रकार का घोल) दिल्ली में सफल है और उनकी सरकार उच्चतम न्यायालय को बताएगी कि पराली को जलाने से रोकने का यह एक प्रभावी तरीका है। केजरीवाल ने उत्तर दिल्ली के हीरांकी गांव में संवाददाताओं से बातचीत में कहा कि दिल्ली ने कृषि अपशिष्ट को जलाने की समस्या का समाधान तलाश लिया है और अब कोई राज्य बहाना नहीं बना सकता है। पूसा बायो डीकम्पोजर को भारतीय कृषि अनुसंधान संस्थान, पूसा ने विकसित किया है जो कृषि अपशिष्ट को 15 से 20 दिन में खाद में तब्दील कर देता है जिससे उन्हें जलाने की जरूरत नहीं होगी। पूसा बायो डीकम्पोजर का छिड़काव नरेला के हीरांकी गांव में गैर बासमती धान के खेतों में मुफ्त में किया गया। 

प्रमुख खबरें

NIA कोर्ट ने PFI के 4 सदस्यों को शशिकुमार मर्डर केस में सुनाई उम्रकैद

AIIMS Nagpur: सुरक्षा के आश्वासन के बाद रेजिडेंट डॉक्टरों की हड़ताल खत्म

Odisha School Textbooks में मिलीं 1741 गलतियां, सरकार ने पूर्व निदेशक सहित चार को किया निलंबित

S Jaishankar ने नाविकों पर हमलों को बताया अस्वीकार्य, Liberia के साथ मिलकर बनाया मित्र समूह