By Ankit Jaiswal | Jul 30, 2026
ऑनलाइन भोजन और किराना आपूर्ति क्षेत्र की प्रमुख कंपनी स्विगी अब क्विक कॉमर्स मंच इंस्टामार्ट के विस्तार पर पहले से अधिक जोर देने जा रही है। कंपनी का कहना है कि मई में इंस्टामार्ट ने योगदान स्तर पर बैलेंस हासिल कर लिया है। इसके बाद अब कारोबार को तेज गति से बढ़ाने के लिए निवेश की रणनीति में बदलाव किया जाएगा। मौजूद जानकारी के अनुसार, कंपनी का उद्देश्य विकास की रफ्तार बढ़ाने के साथ लाभ की स्थिति को भी संतुलित बनाए रखना है।
स्विगी ने अपने शेयरधारकों को भेजे पत्र में कहा कि मई में हासिल हुई वित्तीय उपलब्धि के बाद अब कंपनी के पास निवेश संबंधी फैसले अधिक लचीले ढंग से लेने का अवसर है। कंपनी अगले कुछ तिमाहियों तक कारोबार की वृद्धि को प्राथमिकता देगी, जबकि लाभ का स्तर भी लगभग स्थिर रखने की कोशिश करेगी।
मौजूद जानकारी के अनुसार, कंपनी का मानना है कि परिचालन स्तर पर पूरी तरह लाभ की स्थिति हासिल करने के लिए इंस्टामार्ट को अपने वर्तमान आकार से लगभग ढाई गुना बड़ा बनाना होगा। स्विगी का लक्ष्य वार्षिक आधार पर लगभग 60 हजार करोड़ रुपये के शुद्ध ऑर्डर मूल्य तक पहुंचना है। इसके लिए प्रत्येक तिमाही में लगभग 25 से 30 करोड़ ऑर्डर पूरे करने होंगे। फिलहाल कंपनी हर तिमाही में लगभग 11.5 करोड़ ऑर्डर पूरे कर रही है।
जून तिमाही के दौरान इंस्टामार्ट का सकल ऑर्डर मूल्य लगभग 40 प्रतिशत बढ़कर 7,907 करोड़ रुपये तक पहुंच गया। वहीं समायोजित राजस्व बढ़कर 1,232 करोड़ रुपये हो गया। कंपनी ने यह भी बताया कि योगदान मार्जिन में उल्लेखनीय सुधार हुआ है और समायोजित परिचालन घाटा भी पहले की तुलना में कम हुआ है।
गौरतलब है कि कंपनी ने पिछले कुछ महीनों में अपने कारोबार की गुणवत्ता सुधारने के लिए कई कदम उठाए हैं। पिछले तीन तिमाहियों में करीब 40 लाख ऐसे ग्राहकों को प्लेटफॉर्म से हटाया गया, जिनसे लगातार नुकसान हो रहा था। इसके अलावा जून तिमाही में कंपनी के 45 प्रतिशत से अधिक डार्क स्टोर लाभ की स्थिति में पहुंच गए, जबकि पिछली तिमाही में यह आंकड़ा लगभग 30 प्रतिशत था।
स्विगी ने इस दौरान 28 नए डार्क स्टोर भी शुरू किए। अब कंपनी के पास 131 शहरों में कुल 1,171 डार्क स्टोर का नेटवर्क है। जून के अंत तक इंस्टामार्ट के मासिक सक्रिय ग्राहकों की संख्या 1.35 करोड़ तक पहुंच गई, जबकि तिमाही के दौरान लगभग 11.45 करोड़ ऑर्डर पूरे किए गए।
बता दें कि हाल ही में स्विगी ने मिंत्रा की पूर्व मुख्य कार्यकारी अधिकारी नंदिता सिन्हा को इंस्टामार्ट की जिम्मेदारी सौंपी है। माना जा रहा है कि उनका अनुभव कंपनी को तेजी से बदलते क्विक कॉमर्स बाजार में प्रतिस्पर्धा मजबूत करने में मदद करेगा।
कंपनी के समग्र वित्तीय प्रदर्शन की बात करें तो जून तिमाही में स्विगी का शुद्ध घाटा घटकर 791 करोड़ रुपये रह गया, जो एक वर्ष पहले की समान अवधि में 1,197 करोड़ रुपये था। वहीं परिचालन से होने वाला राजस्व 37 प्रतिशत बढ़कर 6,812 करोड़ रुपये पर पहुंच गया। जानकारों का मानना है कि यदि कंपनी विकास और लाभ के बीच संतुलन बनाए रखने में सफल रहती है, तो आने वाले समय में त्वरित सामान आपूर्ति कारोबार में उसकी स्थिति और मजबूत हो सकती है।