By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Aug 20, 2023
मॉस्को। चांद की यात्रा पर निकले रूस के ‘लूना-25’ अंतरिक्ष यान में ‘लैंडिंग’ से पहले शनिवार को तकनीकी खराबी आ गई। देश की अंतरिक्ष एजेंसी ‘रोस्कोस्मोस’ ने बताया कि अंतरिक्ष यान में लैंडिंग से पहले की कक्षा में प्रवेश करने की कोशिश करते वक्त अनिर्दिष्ट खराबी आ गई और वैज्ञानिक स्थिति का आकलन कर रहे हैं। अंतरिक्ष एजेंसी ने टेलीग्राम पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘अभियान के दौरान स्वचालित स्टेशन में एक असामान्य स्थिति उत्पन्न हो गई जिससे निर्दिष्ट मानकों के साथ निर्धारित प्रक्रिया को अंजाम नहीं दिया जा सका।’’
1976 में सोवियत युग के लूना-24 मिशन के बाद लगभग पांच दशकों में पहली बार, 10 अगस्त को लूना-25 अंतरिक्ष में भेजा गया। इसके संभावित रूप से लगभग 21-23 अगस्त तक लैंडिंग करने की उम्मीद है और तकरीबन इसी वक्त भारत के अंतरिक्ष यान के भी चंद्रमा की सतह पर उतरने की उम्मीद है। अभी तक केवल पूर्ववर्ती सोवियत संघ, अमेरिका और चीन ने चंद्रमा पर ‘सॉफ्ट लैंडिंग’ में कामयाबी हासिल की है। भारत और रूस का चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव पर सबसे पहले उतरने का लक्ष्य है।