By अभिनय आकाश | Jul 07, 2026
ईरान के सरकारी ब्रॉडकास्टर IRIB ने अज्ञात सूत्रों के हवाले से बताया कि कतरी ऑयल टैंकर "अल-रकायत" को तब निशाना बनाया गया, जब उसने ईरान की बार-बार दी गई चेतावनियों को नज़रअंदाज़ करते हुए अमेरिकी नौसेना की मदद से होर्मुज़ जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) में ओमान वाले रास्ते से गुज़रने की कोशिश की। IRIB ने ईरान के इस पुराने रुख को भी दोहराया कि "होर्मुज़ जलडमरूमध्य में हालात वैसे नहीं रहेंगे जैसे ईरान पर अमेरिकी हमले से पहले थे"। साथ ही यह भी कहा कि इस जलडमरूमध्य से गुज़रने वाले सभी जहाजों को ईरान द्वारा बताए गए रास्तों का पालन करना होगा, वरना जहाजों की सुरक्षा की गारंटी नहीं दी जा सकती।
दोनों जहाज़ों को काफ़ी नुकसान पहुँचा, लेकिन किसी के हताहत होने की खबर नहीं है।
Axios की रिपोर्ट के अनुसार, ये हमले होर्मुज जलडमरूमध्य में हमले रोकने के लिए अमेरिका और ईरान के बीच हुए एक हफ़्ते के समझौते की समय-सीमा खत्म होने के बाद हुए। रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि वाशिंगटन ईरानी ठिकानों पर जवाबी हमले कर सकता है। इसमें यह भी बताया गया कि पिछले हफ़्ते कतर के दोहा में अमेरिका और ईरान के बीच हुई अप्रत्यक्ष बातचीत, होर्मुज जलडमरूमध्य से जहाज़ों की आवाजाही के मुद्दे पर किसी खास प्रगति के बिना ही खत्म हो गई।