By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Dec 13, 2025
समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने शुक्रवार को उत्तर प्रदेश में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) की कवायद की निंदा करते हुए कहा कि यह ‘‘एनआरसी का छिपा हुआ रूप’’ है और भाजपा विरोधी मतदाताओं को हटाने की एक बड़ी साजिश का हिस्सा है।
अखिलेश ने पत्रकारों से कहा कि निर्वाचन आयोग को बड़े पैमाने पर नाम हटाने की अनुमति देने के बजाय मतदाता भागीदारी बढ़ाने पर ध्यान देना चाहिए। उन्होंने कहा, ‘‘उत्तर प्रदेश में तीन करोड़ से अधिक मतों के कटने का खतरा है।’’
सपा प्रमुख ने कहा, ‘‘यह एसआईआर नहीं है। यह एसआईआर के वेश में एनआरसी (राष्ट्रीय नागरिक पंजी) है। वे सीधे एनआरसी लागू नहीं कर सके। अब वे एनआरसी लेकर आए हैं। अगर एनआरसी कभी लागू होता है, तो कौन से दस्तावेज देने होंगे? वही कागजात पेश करने होंगे।