By एकता | Dec 31, 2025
नए साल का जश्न शुरू हो गया है और आप जानते हैं कि अलग-अलग देशों में नई शुरुआत का जश्न मनाने के अपने-अपने तरीके होते हैं। वे क्या हैं, आइए हम आपको उनके बारे में बताते हैं। दुनिया के हर कोने में लोग अपनी पुरानी परंपराओं और रीति-रिवाजों के जरिए सुख-समृद्धि की कामना करते हैं। कहीं रंग-बिरंगी आतिशबाजी होती है, तो कहीं खास पकवान बनाए जाते हैं। ये परंपराएं न केवल मनोरंजन करती हैं, बल्कि हमें अलग-अलग संस्कृतियों की गहराई से भी रूबरू कराती हैं। आइए, इस लेख के जरिए हम दुनिया के सफर पर चलते हैं और जानते हैं कि अलग-अलग देशों में नए साल का स्वागत कितनी विचित्र और दिलचस्प मान्यताओं के साथ किया जाता है।
जापान में नए साल पर शांति और शुद्धि पर जोर दिया जाता है। यहां के बौद्ध मंदिरों में रात को 108 बार घंटी बजाई जाती है। जापानी परंपरा के अनुसार, यह इंसान की 108 बुरी इच्छाओं और पापों को दूर करने के लिए किया जाता है। इससे मन शुद्ध होता है और नए साल की शुरुआत एक नई ऊर्जा के साथ होती है।
सुनने में यह थोड़ा अजीब लग सकता है, लेकिन डेनमार्क में लोग अपने दोस्तों और पड़ोसियों के दरवाजों पर पुराने बर्तन तोड़ते हैं। जिस व्यक्ति के घर के बाहर जितने ज्यादा टूटे हुए बर्तनों के टुकड़े मिलते हैं, माना जाता है कि उसके उतने ही ज्यादा चाहने वाले दोस्त हैं। यह सौभाग्य और लोकप्रियता का प्रतीक माना जाता है।
हर देश की अपनी संस्कृति और रिवाज हैं, लेकिन इन सबके पीछे एक ही भावना छिपी होती है, पुराने साल की कड़वाहट को भूलकर नई उम्मीदों के साथ आने वाले कल का स्वागत करना।