By रेनू तिवारी | May 13, 2026
Breaking News 13 May 2026 | आज की ताज़ा और बड़ी खबरें- देश-दुनिया की ताज़ा और बड़ी खबरें अब आपकी उंगलियों पर! प्रभासाक्षी के इस समाचार बुलेटिन में पढ़ें आज की मुख्य सुर्खियाँ। पूरी जानकारी के लिए नीचे दिए गए लिंक पर जाएँ।
वैश्विक स्तर पर बढ़ते आर्थिक तनाव और ईरान युद्ध के कारण तेल की कीमतों में आई उछाल के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक बड़ी पहल की है। सूत्रों के मुताबिक, प्रधानमंत्री ने अपने काफिले (Convoy) के आकार को 50 प्रतिशत तक कम करने का सख्त आदेश दिया है। इसके साथ ही उन्होंने सुरक्षा बेड़े में इलेक्ट्रिक वाहनों (EV) के इस्तेमाल को प्राथमिकता देने की बात कही है।
PM Modi की अपील का बड़ा असर, Rajnath Singh ने छोटा किया अपना काफिला।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अपील के बाद, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने अपने काफिले का आकार लगभग आधा कर दिया है।वराजनाथ सिंह का यह कदम तब आया है, जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पश्चिम एशिया में चल रहे संघर्ष के बीच नागरिकों से 'सात अपीलें' की थीं। इन अपीलों का मकसद आयातित ईंधन पर निर्भरता कम करके और पर्यावरण के अनुकूल विकल्पों को अपनाकर देश की आर्थिक मजबूती में योगदान देना था।
समाजवादी पार्टी (सपा) संस्थापक मुलायम सिंह यादव के छोटे बेटे और अखिलेश यादव के सौतेले भाई प्रतीक यादव का बुधवार को यहां निधन हो गया। वह लगभग 38 वर्ष के थे। पारिवारिक सूत्रों के मुताबिक प्रतीक को तबीयत खराब होने पर सुबह लखनऊ के सिविल अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। उनके मौत की वजह अभी स्पष्ट नहीं हो सकी है। सूत्रों के अनुसार प्रतीक को कुछ समय पहले बीमार होने पर यहां के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया था और वह कुछ दिनों में तबीयत ठीक होने पर घर लौट आए थे।
Prateek Yadav Death: Akhilesh Yadav का बड़ा इशारा, क्या Business में नुकसान बनी मौत की वजह?
समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव, जो प्रतीक यादव के सौतेले भाई भी हैं, ने बुधवार को लखनऊ के किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी का दौरा किया और उनकी मृत्यु पर शोक व्यक्त किया। पत्रकारों से बात करते हुए अखिलेश यादव ने संकेत दिया कि प्रतीक शायद आर्थिक तंगी से जूझ रहे थे या उनके कारोबार में कोई झटका लगा था। समाजवादी पार्टी प्रमुख ने कहा कि मैंने हमेशा उनसे कहा था कि वे अपने स्वास्थ्य का ध्यान रखें और अपने कारोबार को आगे बढ़ाने के लिए काम करते रहें। कभी-कभी आर्थिक नुकसान या कारोबार में असफलता लोगों को बहुत परेशान कर देती है। वे अब हमारे बीच नहीं हैं। हम कानूनी तौर पर उपलब्ध रास्ते अपनाएंगे। उन्होंने कहा कि वह बहुत अच्छा लड़का था प्रतीक, वह जीवन में आगे बढ़कर काम करना चाहता था। अपनी मेहनत से कुछ करना चाहता था. यह बहुत दुख की बात है कि आज वह हमारे बीच नहीं है।
Vijay ने जीता विश्वास मत, Tamil Nadu Assembly में 144 वोटों से साबित किया प्रचंड बहुमत
बुधवार को सी. जोसेफ विजय ने तमिलनाडु विधानसभा में अपना बहुमत सफलतापूर्वक साबित कर दिया, जिससे तमिलगा वेट्री कज़गम (टीवीके) के नेतृत्व वाली नवगठित सरकार की स्थिति और मजबूत हो गई। विश्वास मत में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस, वामपंथी दलों और विदुथलाई चिरुथाइगल काची (वीसीके) सहित गठबंधन के सभी सहयोगियों का समर्थन मिला, जिन्होंने राज्यपाल के समक्ष सरकार बनाने का दावा पेश करते समय विजय का समर्थन किया था। हालांकि, द्रविड़ मुन्नेत्र कज़गम (डीएमके) ने विधानसभा से वॉकआउट करने का फैसला किया।
Analysis: विजय सरकार का फ्लोर टेस्ट AIADMK के लिए 'अस्तित्व की लड़ाई' क्यों बन गया?
बुधवार को तमिलनाडु विधानसभा में मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय की सरकार ने विश्वास मत तो हासिल कर लिया, लेकिन इस प्रक्रिया ने राज्य की दूसरी सबसे बड़ी विपक्षी पार्टी, AIADMK की नींव हिला दी है। जो फ्लोर टेस्ट नई सरकार की शक्ति प्रदर्शन के लिए था, वह अंततः एडप्पादी के. पलानीस्वामी (EPS) के नेतृत्व वाली पार्टी के लिए एक गहरा राजनीतिक संकट साबित हुआ। 234 सदस्यीय विधानसभा में बहुमत के लिए 118 वोटों की आवश्यकता थी। मुख्यमंत्री विजय की TVK सरकार ने उम्मीद से कहीं अधिक 144 विधायकों का समर्थन हासिल कर शानदार जीत दर्ज की। हालाँकि, इस जीत की चमक से ज्यादा चर्चा AIADMK के भीतर मची भगदड़ की रही।
केरल विधानसभा चुनाव में कांग्रेस के नेतृत्व वाले यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट (UDF) की प्रचंड जीत के बाद भी मुख्यमंत्री पद को लेकर सस्पेंस खत्म होने का नाम नहीं ले रहा है। जीत के कई दिनों बाद भी पार्टी के भीतर अंदरूनी कलह और गुटबाजी की खबरें सतह पर आ गई हैं। सूत्रों का दावा है कि यदि एआईसीसी महासचिव (संगठन) के.सी. वेणुगोपाल को मुख्यमंत्री चुना जाता है, तो विपक्ष के निवर्तमान नेता वी.डी. सतीशन कैबिनेट में शामिल नहीं होंगे। मुख्यमंत्री पद के लिए तीन मुख्य दावेदार हैं: वेणुगोपाल, सतीशन और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता रमेश चेन्निथला।
तमिलनाडु की राजनीति में "द्रविड़ मॉडल" और "तर्कवाद" की दशकों पुरानी परंपरा को मुख्यमंत्री विजय के एक हालिया फैसले ने बड़ी चुनौती दे दी है। विधानसभा में फ्लोर टेस्ट के दौरान जहाँ एक तरफ DMK ने सनातन धर्म पर तीखा हमला बोला, वहीं मुख्यमंत्री विजय ने अपने निजी ज्योतिषी को ओएसडी (OSD) नियुक्त कर एक नई बहस छेड़ दी है।
कांग्रेस की वरिष्ठ नेता और पूर्व अध्यक्ष सोनिया गांधी को बुधवार को गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल में भर्ती कराया गया है। अस्पताल के सूत्रों ने समाचार एजेंसी ANI को बताया कि उन्हें पेट और यूरिनरी ट्रैक्ट (मूत्र मार्ग) में संभावित संक्रमण की शिकायतों के बाद भर्ती किया गया है। अस्पताल द्वारा जारी जानकारी के अनुसार, सोनिया गांधी को मंगलवार रात करीब 10:22 बजे अस्पताल लाया गया था। वर्तमान में उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है। डॉक्टरों की एक विशेष टीम उनके पेट और यूरिनरी इन्फेक्शन की गंभीरता की जांच के लिए आगे के टेस्ट कर रही है। उल्लेखनीय है कि इससे पहले 24 मार्च को भी उन्हें बुखार के कारण दिल्ली के सर गंगा राम अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहाँ उनका 'सिस्टमिक इन्फेक्शन' का इलाज चला था।
NEET-UG 2026 पेपर लीक मामले की जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, चौंकाने वाले खुलासे हो रहे हैं। जांचकर्ताओं का पूरा ध्यान अब गुरुग्राम के एक रहस्यमयी डॉक्टर पर टिक गया है, जिससे कथित तौर पर राजस्थान के जमवा रामगढ़ के दो भाइयों ने 30 लाख रुपये में परीक्षा से एक सप्ताह पहले ही पेपर खरीद लिया था। पुलिस ने जमवा रामगढ़ निवासी मांगीलाल और दिनेश बीवाल को गिरफ्तार किया है। आरोप है कि इन दोनों भाइयों ने 26 अप्रैल को ही गुरुग्राम के एक डॉक्टर से पेपर हासिल कर लिया था।