By रेनू तिवारी | Mar 05, 2026
Breaking News 5 March 2026 | आज की ताज़ा और बड़ी खबरें- देश-दुनिया की ताज़ा और बड़ी खबरें अब आपकी उंगलियों पर! प्रभासाक्षी के इस समाचार बुलेटिन में पढ़ें आज की मुख्य सुर्खियाँ। पूरी जानकारी के लिए नीचे दिए गए लिंक पर जाएँ।
बिहार के मुख्यमंत्री और जेडीयू अध्यक्ष नीतीश कुमार ने आज राज्यसभा चुनाव के लिए अपना नामांकन पत्र दाखिल किया। वे भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के साथ बिहार विधानसभा पहुंचे और अपना नामांकन पत्र जमा किया। कुमार वर्ष 2005 से अब तक रिकॉर्ड 10 बार बिहार के मुख्यमंत्री रहे हैं। उन्होंने कहा कि राज्य में नए मुख्यमंत्री और राज्य की नयी सरकार को उनका पूरा सहयोग और मार्गदर्शन मिलेगा। कुमार ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में राज्य की जनता के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा, ‘‘दो दशकों से अधिक समय तक आपने मुझ पर लगातार भरोसा और समर्थन जताया है। उसी विश्वास की ताकत से हमने बिहार और आप सभी की पूरी समर्पण भावना से सेवा की है। आपके भरोसे और समर्थन के कारण ही आज बिहार विकास और सम्मान की एक नयी पहचान प्रस्तुत कर रहा है।’’ उन्होंने कहा कि अपने संसदीय जीवन की शुरुआत से ही उनकी इच्छा रही है कि वह राज्य विधानमंडल के दोनों सदनों और संसद के दोनों सदनों के सदस्य बनें। उन्होंने कहा, ‘‘इसी आकांक्षा के अनुरूप मैं इस बार होने वाले चुनाव में राज्यसभा का सदस्य बनने का प्रयास कर रहा हूं।’’
गुरुवार को बिहार में एक बड़ा राजनीतिक परिवर्तन देखने को मिला, जब मौजूदा मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने पटना में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की उपस्थिति में राज्यसभा के लिए अपना नामांकन दाखिल किया। नीतीश कुमार के अलावा, उपेंद्र कुशवाहा और भाजपा अध्यक्ष नितिन नबीन सहित अन्य एनडीए उम्मीदवारों ने भी उच्च सदन के लिए अपना नामांकन दाखिल किया। बिहार के सबसे लंबे समय तक मुख्यमंत्री रहे नीतीश कुमार ने दो दशकों से अधिक समय तक इस पद पर रहने के बाद राज्यसभा के लिए चुनाव लड़ने की घोषणा की थी और मौजूदा चुनाव में अपना नामांकन दाखिल करेंगे। 75 वर्षीय नीतीश कुमार ने यह भी कहा कि नए मंत्रिमंडल को उनका पूरा समर्थन प्राप्त होगा।
Bihar CM की कुर्सी पर सस्पेंस! Nitish की विदाई के बाद क्या BJP चौंकाने वाला नाम सामने लाएगी?
बिहार के मुख्यमंत्री के रूप में रिकॉर्ड 10वीं बार शपथ लेने के महज चार महीने बाद, नीतीश कुमार ने गुरुवार को राज्यसभा के लिए अपना नामांकन दाखिल किया, जिससे पटना में तीव्र राजनीतिक हलचल मच गई और इस बात को लेकर अटकलें तेज हो गईं कि मुख्यमंत्री पद पर उनका उत्तराधिकारी कौन होगा। जनता दल (यूनाइटेड) के सुप्रीमो, जिन्होंने दो दशकों से अधिक समय तक राज्य के राजनीतिक परिदृश्य पर अपना दबदबा बनाए रखा है।
हिंद महासागर का नीला पानी आज इंसानी खून से लाल हो चुका है। श्रीलंका के दक्षिणी तट के पास एक ऐसी भयावह सैन्य कार्रवाई हुई है, जिसने दुनिया को तीसरे विश्व युद्ध की दहलीज पर खड़ा कर दिया है। एक अमेरिकी परमाणु पनडुब्बी ने अंतरराष्ट्रीय जलक्षेत्र में ईरानी नौसेना के युद्धपोत को टॉरपीडो से उड़ाकर जलसमाधि दे दी। इस हमले के बाद समुद्र की लहरों पर अब तक 80 ईरानी नाविकों के क्षत-विक्षत शव तैरते हुए मिले हैं। श्रीलंकाई अधिकारियों ने बुधवार को कहा कि उन्होंने श्रीलंका के दक्षिणी तट के पास अमेरिकी पनडुब्बी हमले के बाद डूबे एक ईरानी नौसैन्य जहाज से करीब 80 ईरानी नाविकों के शव बरामद किए हैं। श्रीलंका ने पहले बताया था कि उसकी नौसेना ने बुधवार तड़के लगभग 180 नाविकों को लेकर जा रहे ‘आईरिस देना’ नामक ईरानी जहाज से 32 ईरानी नाविकों को बचाया।
मध्य-पूर्व के युद्ध ने अब तक का सबसे खौफनाक मोड़ ले लिया है। इजराइली वायुसेना (IAF) ने ईरान की राजधानी तेहरान के कलेजे पर सीधा प्रहार किया है। इजराइली सेना (IDF) ने आधिकारिक पुष्टि की है कि उसके 100 से अधिक लड़ाकू विमानों ने पूर्वी तेहरान के एक अति-सुरक्षित सैन्य परिसर को मलबे के ढेर में तब्दील कर दिया है। इजराइली सेना ने कहा है कि उसने पूर्वी तेहरान में एक परिसर पर हमला किया है, जिसमें इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर, खुफिया निदेशालय, बासिज अर्धसैनिक बल, ईरान की साइबर इकाई और ‘‘विरोध प्रदर्शनों को दबाने के लिए जिम्मेदार आंतरिक सुरक्षा इकाई’’ का मुख्यालय स्थित है। एक इजराइली सैन्य अधिकारी ने बताया कि इस ‘‘व्यापक’’ हमले में 100 से अधिक लड़ाकू विमानों द्वारा 250 से अधिक बम गिराए गए।
मध्य-पूर्व के रेगिस्तान से लेकर हिंद महासागर की लहरों तक, ईरान और अमेरिका के बीच छिड़ी जंग अब एक वीभत्स मोड़ ले चुकी है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने बुधवार को व्हाइट हाउस में टेक्नोलॉजी एग्जीक्यूटिव्स से बात करते हुए अपनी सेना के प्रदर्शन पर जो रेटिंग दी, उसने पूरी दुनिया को चौंका दिया है। ट्रंप ने युद्ध के पांचवें दिन अमेरिकी सैन्य अभियान की प्रगति पर संतोष व्यक्त करते हुए कहा कि एक हफ्ते से भी कम समय में अमेरिका ने ईरान को घुटनों पर ला दिया है। जब उनसे पूछा गया कि वह इस सैन्य अभियान को 10 के पैमाने पर कहाँ देखते हैं, तो उनका जवाब था: "हम जंग के मोर्चे पर बहुत अच्छा कर रहे हैं। किसी ने पूछा 10 के स्केल पर रेटिंग? मैंने कहा- लगभग 15!"
हिमालय की गोद में बसे नेपाल के लिए आज का दिन (गुरुवार) किसी ऐतिहासिक मोड़ से कम नहीं है। केपी शर्मा ओली की सरकार को उखाड़ फेंकने वाले Gen Z (जेनरेशन जेड) के हिंसक विद्रोह के बाद, आज नेपाल की जनता नई सरकार चुनने के लिए मतदान कर रही है। यह चुनाव महज सत्ता परिवर्तन नहीं, बल्कि दशकों से जमे बैठे 'पॉलिटिकल दिग्गजों' बनाम बदलाव की भूखी 'युवा लहर' के बीच एक रेफरेंडम (जनमत संग्रह) बन गया है।
मध्य-पूर्व (Middle East) में भड़की आग अब एक ऐसे मोड़ पर आ गई है जहाँ से वापसी का रास्ता केवल महाविनाश की ओर जाता है। अभी तक ईरान और इजराइल-अमेरिका के बीच चल रही जंग में अब एक नया और खतरनाक खिलाड़ी कूद सकता है- पाकिस्तान। पाकिस्तानी विदेश मंत्री इसहाक डार के एक बयान ने पूरी दुनिया को हिलाकर रख दिया है, जिसमें उन्होंने साफ संकेत दिया है कि पाकिस्तान अब ईरान के खिलाफ युद्ध के मैदान में औपचारिक रूप से उतर सकता है।
पश्चिम एशिया में छिड़ा संघर्ष अब एक वैश्विक संकट में तब्दील हो चुका है। अमेरिकी पनडुब्बी द्वारा ईरानी युद्धपोत को डुबोए जाने के बाद, ईरान ने बृहस्पतिवार तड़के इजराइल पर बैलिस्टिक मिसाइलों से बड़ा हमला बोल दिया है। ईरान की 'रिवोल्यूशनरी गार्ड' ने अब पूरे क्षेत्र के सैन्य और आर्थिक बुनियादी ढांचे को मलबे में तब्दील करने की खुली धमकी दी है। अमेरिका और इजराइल ने बुधवार से ईरान के सुरक्षा बलों और प्रशासनिक संस्थानों पर हमले तेज कर दिए हैं। तबाही का आलम यह है कि संघर्ष की शुरुआत में मारे गए ईरानी सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई का आधिकारिक शोक समारोह तक स्थगित करना पड़ा है।
एक तरफ जहाँ मध्य-पूर्व (Middle East) में ईरान और अमेरिका के बीच युद्ध अपने छठे दिन में प्रवेश कर चुका है, वहीं दूसरी तरफ अमेरिका ने अपनी सबसे घातक 'डूम्सडे मिसाइल' (Doomsday Missile) का सफल परीक्षण कर दुनिया को अपनी परमाणु ताकत का अहसास कराया है। मंगलवार (3 मार्च) देर रात कैलिफ़ोर्निया के तट से दागी गई यह मिसाइल हिरोशिमा पर गिरे परमाणु बम से 20 गुना अधिक विनाशकारी हथियार ले जाने में सक्षम है। मिडिल ईस्ट में बढ़ते संघर्ष के बीच, यूनाइटेड स्टेट्स ने अपनी न्यूक्लियर हथियार ले जाने में सक्षम LGM-30G मिनटमैन III इंटरकॉन्टिनेंटल बैलिस्टिक मिसाइल (ICBM) का टेस्ट लॉन्च किया, जिसे यूनाइटेड स्टेट्स स्पेस फ़ोर्स के अनुसार अक्सर "डूम्सडे मिसाइल" कहा जाता है। यह मिसाइल 1945 में हिरोशिमा पर गिराए गए परमाणु बम से 20 गुना ज़्यादा शक्तिशाली न्यूक्लियर हथियार ले जाने में सक्षम है।
अमेरिका की एक व्यापार अदालत ने आयातकों के पक्ष में एक ऐतिहासिक फैसला सुनाया है। बुधवार को मैनहट्टन स्थित 'यूएस कोर्ट ऑफ इंटरनेशनल ट्रेड' के न्यायाधीश रिचर्ड ईटन ने सरकार को उन अरबों डॉलर के रिफंड का भुगतान शुरू करने का आदेश दिया, जिन्हें पिछले महीने सुप्रीम कोर्ट ने 'अवैध' घोषित किया था। यह मामला ट्रंप प्रशासन की उस व्यापार नीति से जुड़ा है जिसके तहत आयातित वस्तुओं पर भारी शुल्क वसूला गया था। US ट्रेड कोर्ट के एक जज ने बुधवार को सरकार को आदेश दिया कि वह उन इंपोर्टर्स को संभावित रूप से अरबों डॉलर का रिफंड देना शुरू करे, जिन्होंने ऐसे टैरिफ का पेमेंट किया था, जिसके बारे में सुप्रीम कोर्ट ने पिछले महीने कहा था कि यह गैर-कानूनी तरीके से जमा किया गया था।