UN ने म्यामांर में सैन्य तख्तापलट के खिलाफ प्रस्ताव पारित किया, भारत ने नहीं लिया मतदान में हिस्सा

By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Jun 19, 2021

संयुक्त राष्ट्र।  संयुक्त राष्ट्र महासभा ने एक दुर्लभ कदम उठाते हुए म्यामांर की सैन्य सरकार के खिलाफ व्यापक वैश्विक विरोध प्रकट करते हुए एक प्रस्ताव पारित कर देश में सैन्य तख्तापलट की निंदा की है, उसके खिलाफ शस्त्र प्रतिबंध का आह्वान किया है तथा लोकतांत्रिक रूप से चुनी हुई सरकार को बहाल करने की मांग की है। भारत समेत 35 देशों ने इन प्रस्ताव पर मतदान में हिस्सा नहीं लिया। भारत का कहना है कि मसौदा प्रस्ताव उसके विचारों को प्रतिबिम्बित नहीं करता। भारत ने अपने बयान में कहा, ‘‘आज के मसौदा प्रस्ताव में हमारे विचार प्रतिबिंबित होते प्रतीत नहीं हो रहे हैं।

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यह प्रस्ताव यूरोपीय संघ और कई पश्चिमी देशों एवं दक्षिण पूर्व एशियाई राष्ट्रों के 10 सदस्यीय संघ (आसियान), जिसमें म्यामां भी शामिल है, सहित तथाकथित ‘कोर ग्रुप’ की लंबी बातचीत का परिणाम था। संयुक्त राष्ट्र के एक राजनयिक ने कहा कि प्रस्ताव पर सर्वसम्मति के लिए आसियान के साथ एक समझौता किया गया था, लेकिन वोट के दौरान इसके सदस्य देश एकमत नहीं दिखे। आसियान के सदस्यों इंडोनेशिया और वियतनाम सहित कुछ देशों ने पक्ष में वोट किया तथा थाईलैंड और लाओस सहित अन्य ने मतदान में हिस्सा नहीं लिया। प्रस्ताव को अपेक्षित समर्थन नहीं मिला, लेकिन महासभा की यह कार्रवाई एक फरवरी को हुए सैन्य तख्तापलट की निंदा करती है जिसके तहत आंग सान सू ची की पार्टी को सत्ता से हटा दिया गया था। तख्तापलट के बाद से सू ची और सरकार के कई अन्य नेता एवं अधिकारी नजरबंद हैं जिसके विरोध में देश में प्रदर्शन चल रहा है। हालांकि यह प्रस्ताव कानूनी रूप से बाध्यकारी नहीं है।

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