370 हटने के बाद अब जम्मू-कश्मीर और लद्दाख की राजनीतिक स्थिति क्या है?

By नीरज कुमार दुबे | Aug 06, 2019

जम्मू-कश्मीर को विशेष दर्जा देने वाले अनुच्छेद 370 को रद्द करने संबंधी केंद्र सरकार के ऐतिहासिक फैसले के बाद देशभर में जश्न का माहौल है और लोग तिरंगा लहरा कर तथा मिठाइयां बांटकर अपनी खुशी व्यक्त कर रहे हैं। केंद्र सरकार के पुख्ता प्रबंधों के चलते जम्मू-कश्मीर में पूर्ण शांति बनी हुई है। लेकिन इसी बीच लोगों के मन में यह सवाल कौंध रहा है कि अनुच्छेद 370 समाप्त हो जाने और जम्मू-कश्मीर तथा लद्दाख के केंद्र शासित प्रदेश बन जाने के बाद अब इन दोनों के पास क्या अधिकार होंगे। आइए चरणबद्ध तरीके से जानते हैं जम्मू-कश्मीर और लद्दाख की नयी स्थिति के बारे में।

इसे भी पढ़ें: एक देश, एक झंडा और एक संविधान का सपना मोदी ने पूरा कर दिखाया

- जम्मू-कश्मीर अब दिल्ली की तरह केंद्र शासित प्रदेश बन गया है जहाँ राष्ट्रपति केंद्र सरकार की सिफारिश पर उपराज्यपाल की नियुक्ति करेंगे। यहां चुनी हुई विधानसभा भी होगी और मुख्यमंत्री भी होगा लेकिन अधिकांश अधिकार उपराज्यपाल के पास होंगे। यही नहीं सुरक्षा से जुड़े किसी भी मुद्दे पर उपराज्यपाल राज्य सरकार की सुनने की बजाय केंद्र सरकार के निर्देश पर ही काम करेंगे।

 

- जम्मू-कश्मीर में अब केंद्रीय गृह मंत्रालय की ही चलेगी। जिस तरह दिल्ली में पुलिस केंद्र सरकार के अधीन काम करती है ठीक उसी प्रकार जम्मू-कश्मीर की सुरक्षा से जुड़े मसले सीधे केंद्रीय गृह मंत्रालय के अंतर्गत होंगे।

 

- जम्मू-कश्मीर में भूमि से जुड़े मुद्दों पर उपराज्यपाल और केंद्र सरकार ही फैसला करेंगे। मसलन राज्य सरकार को किसी भी इमारत के निर्माण के लिए भूमि चाहिए तो उसके लिए उपराज्यपाल से मंजूरी चाहिए होगी। दिल्ली में भी भूमि का अधिकार राज्य सरकार के पास नहीं है।

 

- जम्मू-कश्मीर में आईएएस और आईपीएस अधिकारियों की नियुक्ति और तबादले मुख्यमंत्री नहीं उपराज्यपाल करेंगे। राज्य सरकार के पास सामान्य प्रशासन से जुड़े अधिकारियों की नियुक्ति और तबादलों का ही अधिकार रहेगा।

इसे भी पढ़ें: कश्मीर समस्या मुक्त होने जा रहा है, माँ भारती का मस्तक चमकने वाला है

- अनुच्छेद 370 के कारण जम्मू-कश्मीर पर आरटीआई और शिक्षा का अधिकार लागू नहीं होता था। संसद की मंजूरी के बाद अब राज्य के लोगों को सूचना का अधिकार और शिक्षा का अधिकार प्राप्त हो गया है। 

 

- जम्मू-कश्मीर से विशेष दर्जा खत्म हो जाने के बाद राज्य में निवेश बढ़ने की पूरी पूरी संभावना है। अनुच्छेद 370 राज्य में किसी बाहरी व्यक्ति के निवेश और उद्योग स्थापित करने की राह में बाधा था। जोकि दूर हो गयी है। अब देश के विभिन्न हिस्सों से उद्योगपति यहाँ आकर अपने उद्योग लगा सकेंगे और व्यापार कर सकेंगे। ऐसा होने से स्थानीय युवकों को रोजगार मिलेगा और वह गलत राह पर जाने से बच जाएंगे। यही नहीं राज्य के रियल एस्टेट क्षेत्र में भी उछाल आने की उम्मीद है क्योंकि जब अन्य राज्यों के लोग यहाँ आकर जमीन खरीदेंगे तो उसके भाव बढ़ना निश्चित है। इसके अलावा यहाँ कंपनियां आने से प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी और इसका सीधा फायदा उपभोक्ताओं को होगा।

 

- सीएजी के यहां आ जाने के बाद सरकार के खर्चों की जांच हो सकेगी और पता लगाया जा सकेगा कि जो पैसा जिस मद में दिया गया था उसका सही उपयोग हुआ या वह भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ गया।

 

- लद्दाख अपनी हर जरूरत पूरी करने के लिए राज्य सरकार का मुँह ताकता था लेकिन अब वह केंद्र शासित प्रदेश बन गया है और वहां के प्रशासक चंडीगढ़ की तरह कोई आईएएस अधिकारी होंगे। इस तरह स्थानीय प्रशासन का पूरा फोकस सिर्फ लद्दाख के विकास पर ही होगा। लेकिन लद्दाख में कोई विधानसभा सीट नहीं होगी इसीलिए यहां के लोग अब सिर्फ लोकसभा या स्थानीय निकाय चुनावों में ही मतदान कर पाएंगे।

 

- जम्मू-कश्मीर में हिंदू और सिख अल्पसंख्यकों की श्रेणी में आते हैं। अब यहां इन दोनों समुदायों की आबादी को 16 फीसदी आरक्षण की सुविधा मिलेगी।

 

- देश के विभिन्न भागों में रहने वाले लोग अब घाटी में जाकर घर, दुकान या कार्यालय खरीद सकते हैं और इसके लिए किसी विशेष मंजूरी की आवश्यकता नहीं होगी।

इसे भी पढ़ें: क्या चाहते हैं कश्मीरी नेता ? भारत सरकार हाथ पर हाथ धर कर बैठी रहे ?

- जम्मू-कश्मीर सरकार द्वारा निकाली जाने वाली नौकरियों में देश के विभिन्न भागों में रहने वाले लोग भी आवेदन कर सकेंगे। 

 

- अभी तक जम्मू-कश्मीर में यह कानून था कि यहां की कोई लड़की देश के किसी दूसरे भाग में रहने वाले व्यक्ति से शादी कर ले तो उसकी जम्मू-कश्मीर की नागरिकता समाप्त हो जाती थी लेकिन अब वहां भी सिर्फ एक ही नागरिकता यानि भारतीय नागरिकता ही रहेगी।

 

-नीरज कुमार दुबे

 

All the updates here:

प्रमुख खबरें

Stock Market Today | शेयर बाजार में ट्रंप कार्ड का धमाका! सेंसेक्स 2300 अंक उछला, निफ्टी 25,800 के पार, निवेशकों की हुई चांदी-चांदी

US-India Trade Deal | Donald Trump ने भारत के साथ ट्रेड डील की घोषणा की, PM मोदी से बात करने के बाद टैरिफ घटाकर 18% किया

Elon Musk का बड़ा दांव! SpaceX और xAI का विलय, 1.25 ट्रिलियन डॉलर की नई इनोवेशन पावरहाउस कंपनी तैयार

Nitin Nabin ने India-US Trade Deal को सराहा, कहा- विकसित भारत के संकल्प को मिलेगी नई गति