By अभिनय आकाश | Apr 20, 2026
एक तरफ ईरान और अमेरिका के युद्धपोत आमने-सामने है तो दूसरी तरफ पूरी दुनिया की नजर उस पतली सी समुद्री गली पर टिकी है जिसे स्टेट ऑफ हॉर्मोज कहा जाता है। यही वो जगह है जहां से दुनिया का करीब 20 से 30% तेल गुजरता है। अगर यहां एक चिंगारी भी भड़की तो असर सिर्फ मिडिल ईस्ट तक सीमित नहीं रहेगा बल्कि पूरी ग्लोबल इकॉनमी हिल जाएगी। लेकिन इस पूरे संकट के बीच एक और देश है जिसकी ताकत चुपचाप दुनिया को चौंका रही है और वो देश है भारत। जी हां, बहुत से लोग सोच रहे हैं कि जंग जमीन पर लड़ी जाती है। लेकिन सच्चाई यह है कि आज की जंग चोक पॉइंट्स पर लड़ी जाती है। स्टेट ऑफ फॉर्म सिर्फ 33 किमी चौड़ा है। लेकिन इसकी अहमियत इतनी बड़ी है कि यहां खड़ा छोटा सा देश भी सुपर पावर को रोक सकता है। ईरान ने यही किया। छोटी स्पीड बोट्स, एंटीशिप मिसाइल और माइंस का ऐसा जाल बिछाया कि दुनिया की सबसे ताकतवर नेवी भी सोचने पर मजबूर हो गई।
यह दुनिया की सबसे तेज एंटीशिप क्रूज मिसाइलों में से एक है। इसकी स्पीड और सटीकता दुश्मन को संभलने का मौका नहीं देती है। अब इसका एयर लॉन्च और हाइपरसोनिक वर्जन आने से भारत की ताकत और बढ़ गई है। मतलब साफ है दुश्मन का जहाज 500 किमी दूर भी सुरक्षित नहीं रहेगा। समंदर की असली जंग सतह पर नहीं गहराई में होती है। भारत की सबसे बड़ी ताकत है अरिहंत क्लास सबमरीन। महीनों तक पानी के नीचे रह सकती है। दुश्मन के लिए लगभग अदृश्य है।
न्यूक्लियर हथियार ले जाने में सक्षम है। यह भारत को देती है सेकंड स्ट्राइक कैपेबिलिटी। यानी अगर कोई हमला करे तो जवाब और भी खतरनाक होगा। अगर पाकिस्तान की बात की जाए तो उसका पूरा व्यापार दो पोर्ट्स पर टिका है।