By एकता | Oct 25, 2026
केंद्र सरकार ने देश में ड्रग्स के अवैध कारोबार और नशीले पदार्थों की तस्करी के नेटवर्क के खिलाफ बड़ा कदम उठाया है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने रविवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर बताया कि केंद्रीय एजेंसियों और पूर्वोत्तर के राज्यों की पुलिस ने मिलकर ‘ऑपरेशन त्रिशूल’ चलाया है।
अमित शाह ने बताया कि 23 अक्टूबर को चलाए गए इस अभियान के दौरान एजेंसियों ने करीब 100 करोड़ रुपये के हवाला लेनदेन का पता लगाया। जांच के दौरान 1,424 बैंक खाते फ्रीज किए गए हैं। इसके अलावा 17.82 करोड़ रुपये की संपत्तियां जब्त की गई हैं।
इस कार्रवाई में कुल 18 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। अधिकारियों ने इसके अलावा 500 डेटोनेटर और 12 लाख रुपये नकद भी बरामद किए हैं।
गृह मंत्री अमित शाह ने बताया कि यह अंतरराष्ट्रीय ड्रग्स नेटवर्क भारत, म्यांमार और बांग्लादेश के बीच ‘डेथ ट्रायंगल कॉरिडोर’ के रास्ते नशीले पदार्थों की तस्करी कर रहा था। केंद्र सरकार और असम, मिजोरम व मणिपुर की पुलिस ने आपसी तालमेल के साथ इस नेटवर्क के खिलाफ कार्रवाई की।
अमित शाह ने अपने पोस्ट में कहा कि "मोदी सरकार ने ऑपरेशन त्रिशूल के जरिए ड्रग्स के खिलाफ एक और बड़ा प्रहार किया है।" उन्होंने कहा कि सरकार तब तक कार्रवाई जारी रखेगी, जब तक ड्रग्स के नेटवर्क को पूरी तरह खत्म नहीं कर दिया जाता। उन्होंने इस कार्रवाई के लिए केंद्रीय एजेंसियों और तीनों राज्यों की पुलिस टीमों को बधाई दी।
अमित शाह ने देश को नशा मुक्त बनाने के लक्ष्य को भी दोहराया। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार ने 31 दिसंबर 2029 तक देश से हर ड्रग नेटवर्क को पूरी तरह खत्म करने का संकल्प लिया है। गृह मंत्री ने कहा कि गृह मंत्रालय इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है और ‘नशा मुक्त भारत’ की योजना को सख्ती से लागू किया जा रहा है।
इसके साथ ही सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्रालय की ओर से चलाए जा रहे ‘नशा मुक्त भारत अभियान’ की पहुंच अब तक देश के 35 करोड़ से ज्यादा लोगों तक पहुंच चुकी है। इस अभियान का मकसद खास तौर पर युवाओं को नशे से दूर रखना है।