By प्रभासाक्षी न्यूज़ डेस्क | Nov 02, 2026
(प्रादे46 शीर्षक में सुधार के साथ रिपीट) जयपुर, दो नवंबर राजस्थान के झुंझुनू जिले में सोमवार को बिजली के करंट की चपेट में आने से आठ मजूदरों की मौत हो गई। पुलिस ने यह जानकारी दी। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने हादसे पर शोक जताते हुए सबंधित अधिकारियों को घायलों के समुचित उपचार एवं प्रभावित परिवारों को तत्काल हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने तथा घटना की जांच के निर्देश दिए हैं।
मिली जानकारी के अनुसार ग्रामीण मिलकर वनक्षेत्र से गुजने वाली एक सड़क को पक्का करवा रहे थे जिस दौरान यह हादसा हो गया। सूचना मिलने पर जिले के वरिष्ठ पुलिस व प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। मुख्यमंत्री शर्मा ने हादसे पर शोक जताया और घटना की जांच के आदेश दिए।
उन्होंने सोशल मीडिया मंच एक्स पर लिखा, ‘‘झुंझुनूं में हुए हादसे में करंट लगने से श्रमिकों की असामयिक मृत्यु का समाचार दुखद है।’’ उन्होंने कहा, ‘‘संबंधित अधिकारियों को घायलों के समुचित उपचार एवं प्रभावित परिवारों को तत्काल हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने तथा घटना की जांच के निर्देश दिए हैं।’’ उन्होंने लिखा, ‘‘ईश्वर से प्रार्थना है कि दिवंगत आत्माओं को अपने श्रीचरणों में स्थान, घायलों को शीघ्र स्वास्थ्य लाभ तथा शोकाकुल परिजनों को यह असीम दुःख सहन करने का संबल प्रदान करें।’’ इससे पहले ऊर्जा मंत्री हीरालाल नागर ने कहा कि इस घटना की जांच के आदेश दे दिए गए हैं। नागर ने बताया कि शुरुआती जानकारी के अनुसार, ‘‘सड़क का निर्माण जन सहयोग से किया जा रहा था और यह काम निजी स्तर पर छोटे पैमाने पर हो रहा था।’’ मंत्री ने कहा कि घटना के कारणों का पता लगाने के लिए तकनीकी अधिकारी मौके पर पहुंच रहे हैं। नागर ने कहा, ‘‘अगर कोई विभागीय या तकनीकी चूक पाई जाती है, तो कार्रवाई की जाएगी।’’ पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने भी हादसे पर शोक जताया।उन्होंने कहा, ‘‘झुंझुनूं के उदयपुरवाटी में छापोली में कई मजदूरों की करंट लगने से हुई दर्दनाक मौत बेहद दुखद और मार्मिक है।
इस पूरे प्रकरण की जांच आवश्यक है कि सड़क निर्माण के समय हुआ यह हादसा कैसे हुआ और इन मौतों के लिए कौन जिम्मेदार है।’’ उन्होंने एक्स पर लिखा, ‘‘इस हादसे में अपने परिजनों को खोने वाले परिवारों पर क्या बीत रही होगी, यह सोच कर मन व्यथित है। सरकार को मृतकों के परिजनों को उचित मुआवजा और हर संभव सहायता उपलब्ध करवाना सुनिश्चित करना चाहिए।’’