भाई-बहन और बाप-बेटी के बीच सेक्स पर रोक लगाएगा यह देश, सख्त कार्रवाई की राह पर सरकार

By निधि अविनाश | Jan 17, 2022

फ्रांस की सरकार अनाचार संबंधों यानि कि परिवार के सदस्यों के बीच यौन संबंध पर रोक लगाने जा रही है। फ्रांस के बाल संरक्षण मंत्री एड्रियन टैक्वेट ने कहा कि अगर रिश्तेदारों के बीच यौन संबंध साबित होते हैं तो इसे अपराध माना जाएगा।यदि ऐसा संबंध एक ही परिवार के दो वयस्क सदस्यों के बीच विकसित होता है, तो यह दंडनीय होगा। बता दें कि, फ्रांस में अनाचार यानि की एक ही परिवार के दो सदस्यों के बीच गैर-कानूनी यौन संबंध होता हैं, लेकिन इस बार सरकार इस कानून पर रोक लगाने जा रही है।न्यूज एजेंसी एएफपी के मुताबिक सरकार कानून में संशोधन कर ऐसे संबंधों को खत्म करना चाहती है। सरकार का कहना है कि,  इस तरह के रिश्ते से समाज का पतन होता है। भाई-बहन, माता-पिता या एक ही परिवार के सदस्यों के बीच सेक्स विकसित नहीं हो सकता। देश की सरकार के इस कदम का बच्चों के अधिकारों की रक्षा के लिए काम कर रहे स्वयंसेवी संगठनों ने स्वागत किया है। बता दें कि, यह संशोधित कानून जल्द ही फ्रांस में लागू किया जाएगा।

जानकारी के लिए बता दें कि, साल 1791 के बाद पहली बार अनाचार यानि की सगे-सबंधियों के बीच यौन संबंध बनाने पर रोक लगाने की घोषणा की गई है। इस समय फ्रांस में  अनाचार कानूनी है लेकिन शर्त यह है कि, दोनों ही लड़का-लड़की की उम्र 18 साल के ऊपर होनी चाहिए। लेकिन अब इस कानून पर पूरी तरह से बैन लगा दिया जाएगा। 

मंत्री ने कहा- आप अपने खून के रिश्ते के साथ सेक्स नहीं कर सकते

समाचार एजेंसी एएफपी ने टैक्वेट के हवाले से कहा कि नया कानून समाज में स्पष्ट प्रतिबंध जारी करने के लिए है। अनाचार समाज में स्वीकार्य नहीं है चाहे उम्र कोई भी हो। आप अपने पिता, अपने बेटे या अपनी बेटी के साथ यौन संबंध नहीं बना सकते। 

18 साल की उम्र सीमा की भी होगी समीक्षा

उन्होंने कहा कि अनाचार के लिए 18 साल की सीमा की समीक्षा की जाएगी। बदले हुए नियमों के तहत चचेरे भाइयों को अभी भी शादी करने की अनुमति होगी। उन्होंने इस बारे में कोई स्पष्टीकरण नहीं दिया कि क्या प्रस्तावित कानून सौतेले परिवारों पर लागू होगा या नहीं। 

फ्रांस ने 1791 में कानून बदल दिया

चाइल्ड प्रोटेक्शन चैरिटी लेस पैपिलॉन्स के अध्यक्ष लॉरेंट बोएट ने इस कदम का स्वागत करते हुए कहा कि अनाचार को कानूनी रूप से प्रतिबंधित किया जाना चाहिए, क्योंकि यह पहले से ही सामाजिक रूप से प्रतिबंधित था। 1791 में, अनाचार, ईशनिंदा और सोडोमी को फ्रांसीसी दंड संहिता से अपराधों के रूप में हटा दिया गया था।

फ्रांस ने बदल दिया रेप रोधी कानून

पिछले साल फ्रांस ने अपने रेप रोधी कानून में बड़े बदलाव किए थे। तब से 15 साल से कम उम्र की लड़की के साथ यौन संबंध बनाने को रेप माना जा रहा है। फ्रांस का दावा है कि कानून में इस बदलाव के बाद अब लड़कियों के यौन शोषण के मामलों में सजा देना आसान हो जाएगा। फ्रांस में लड़कियों के साथ रेप और यौन शोषण के बढ़ते मामलों के बाद जनता का दबाव था और इस वजह से सरकार को यह कदम उठाने के लिए मजबूर होना पड़ा।

प्रमुख खबरें

विकसित-हरित दिल्ली का Road-map तैयार, CM Rekha Gupta बोलीं- अब राजधानी की तस्वीर बदलेगी

Summer Body Odour को कहें Bye-Bye, घर पर बनाएं ये कमाल का Natural Powder

Relationship में Partner बना रहा है दूरी? ये आसान Tips आपकी Love Life को फिर से संवारेंगी

BJP सांसद Jagdambika Pal की सरकार से बड़ी मांग, Anganwadi Workers का मानदेय एक समान हो