समाजवादी छात्र सभा प्रदेश सचिव ने दृष्टि-बाधित छात्रों के बीच मनाया स्वतंत्रता दिवस

By प्रणव तिवारी | Aug 16, 2021

गोरखपुर। इस बार का 75 वां स्वतंत्रता दिवस दृष्टिबाधितोंं के लिए  बहुत ही खास रहा। इस शुभ अवसर पर  समाजवादी छात्र सभा के प्रदेश सचिव शिव शंकर गौड़ तथा अन्य समाजवादी नेता दृष्टिबाधित छात्रों के बीच रहकर उनके साथ भोजन किये साथ ही साथ उनके अनेकों समस्यओं पर चर्चा किया। शिव शंकर गौड़ ने कहा कि वे बहुत ही दुःखी हैं कि दृष्टिबाधितों की आँखें तो नहीं है परंतु इनको सरकार व अधिकारियों के बन्द पड़े आँखों का सामना करना पड़ रहा है।

इसे भी पढ़ें: बीजेपी के विपुल त्रिपाठी गोरखपुर महानगर के क्षेत्रीय सह संयोजक बनाए गए

 

शिव शंकर गौड़ ने कहा कि सालों से उनका मेस बन्द है उन्हें मजबूरन खाना बनाना पड़ता है। उन्होंने कहा कि दृष्टिबाधित छात्रों से पूछे जाने पर पता चला कि कभी सब्जी में नमक तेज होता है तो, कभी सब्जी कच्चा होता है , कभी तो नमक की जगह सर्फ पड़ जाता है, हाथे जल जाती हैं। शिव शंकर गौड़ ने बताया कि, उत्तर प्रदेश की सरकार ने नियम बनाया था कि गरीबों , शोषितों , वंचितों की देखभाल की जाएगी।

 

इसे भी पढ़ें: वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक गोरखपुर ने पुलिस लाइन में फहराया गया तिरंगा

 

उन्होंने कहा कि छात्रों के ह्रदय सम्राट तत्कालिक मुख्यमंत्री अखिलेश यादव  ने भी शकुंतला मिश्रा दिव्यांजन विश्वविद्यालय लखनऊ व पूरे प्रदेश के दृष्टिबाधित छात्रावासों में मुफ्त में भोजन व रहने की व्यवस्था की थी। लेकिन भाजपा सरकार 2017 में आते ही यह नियम खत्म कर दी और केवल यही नहीं दृष्टिबाधित छात्रों की प्राथमिक विद्यालयों में नौकरी खत्म कर  यह अन्यायी भाजपा सरकार छात्रों के विरोध का कोई माध्यम छोड़ नही रही है, साथ ही दृष्टिबाधित छात्रों को भी नहीं छोड़़ रही है । उन्होंने सरकार को आदेशित करते हुए कहा कि तत्काल दृष्टिबाधित छात्रों के मुफ्त भोजन की व्यवस्था हो तथा प्राथमिक विद्यालयों में नौकरी बहाल हो।

 

प्रमुख खबरें

Commonwealth Games: लॉन बॉल्स में Navneet Singh और Dinesh Kumar ने दर्ज की चौथी जीत

Commonwealth Boxing: जादूमणि, अरुंधति और जैस्मीन समेत 6 भारतीय मुक्केबाज फाइनल में पहुंचे

Commonwealth Games में अस्मिता डे और हर्ष सिंह ने जूडो में स्वर्ण जीतकर रचा इतिहास

CJI Surya Kant ने Jaipur में कहा: ऑनलाइन मध्यस्थता पूरी तरह AI के भरोसे नहीं छोड़ी जा सकती