By दिव्यांशी भदौरिया | May 10, 2026
ज्योतिष शास्त्र में मंगल ग्रह को ऊर्जा, शक्ति, साहस और भाइयों का कारक माना जाता है। इन्हें 'सेनापति' भी कहते हैं। 11 मई यानी के कल सुबह मंगलदेव अपनी खुद की राशि मेष में प्रवेश करेंगे, जहां वे 21 जून 2026 तक रहेंगे। मंगल के गोचर से 'रुचक महापुरुष योग' का निर्माण हो रहा है, जो ज्योतिष शास्त्र में अत्यंत फलदायी और साहसी माना जाता है।
मेष राशि
मेष राशि में मंगल आपके पहले भाव में गोचर कर रहे हैं, जिससे आपके चेहरे पर निखार आएगा और समाज में आपकी धक बढ़ेगी। रुकी हुई योजनाएं रफ्तार पकड़ेंगी और नए कार्यों के शुरुआत होगी। वर्कप्लेस में आपकी टीम को संभालने की ताकत को सराहा जाएगा। आर्थिक लाभ के साथ-साथ खानदानी धन से भी फायदा होने के पूरे योग हैं। इस समय आप नई ऊंचाईयों को छूएंगे। मंगलवार के दिन हनुमान चालीसा का पाठ जरुर करें।
मिथुन राशि
मिथुन राशि आपके ग्यारहवें यानी लाभ भाव में होगाम, जो आपकी कमाई में बढ़ोत्तरी का साफ संकेत है। पुराने दोस्तों और मददगार लोगों के मेल-जोल से आपको बड़ा फायदा हो सकता है। लंबे समय से रुकी हुई इच्छाएं पूरी होगी। समाज में आपकी इज्जत बढ़ेगी। अगर आप किसी परीक्षा की तैयारी में लगे हुए हैं, तो जीत आपको जरुर मिलेगी। मंगलवार के दिन हनुमान जी के मंदिर जाकर बूंदी का प्रसाद वितरित करें।
कर्क राशि
मंगल का गोचर आपकी कुंडली के दशम भाव में होने जा रहा है, जिसे कर्म और प्रोफेशन का भाव माना जाता है। यह समय करियर के लिहाज से काफी अनुकूल साबित हो सकता है। नौकरीपेशा लोगों को प्रमोशन, नई जिम्मेदारी या पसंदीदा स्थान पर ट्रांसफर मिलने के संकेत हैं। व्यवसाय और कार्यक्षेत्र में विस्तार के नए अवसर सामने आ सकते हैं। आपकी मेहनत और कार्यशैली से वरिष्ठ अधिकारी प्रभावित हो सकते हैं। सरकारी क्षेत्र से जुड़े लोगों को विशेष लाभ मिलने की संभावना है। इस दौरान सामाजिक प्रतिष्ठा और मान-सम्मान में भी अच्छी बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है। मंगलवार के दिन गुड़ का दान करें।
धनु राशि
मंगल का गोचर आपके पांचवे भाव में होगा, जो कि पढ़ाई, प्यार और औलाद का स्थान है। छात्रों के लिए यह समय सबसे अच्छा है। आपका मन पढ़ाई में लगेगा। रिश्तों में करीबी आएगी और जो लोग परिवार बढ़ाने की सोच रहे हैं, उन्हें अच्छी खबर मिल सकती है। बाजार या शेयरों से जुड़े लोगों को अचानक धन मिल सकता है। हनुमान जी नियमित रुप से पूजा करें और उन्हें लाल फूल चढ़ाएं।