By रेनू तिवारी | Jul 10, 2026
राजस्थान की राजधानी जयपुर के प्रतिष्ठित नीर्जा मोदी स्कूल की चौथी कक्षा की छात्रा अमायरा की मौत के मामले में एक नया और बेहद विचलित करने वाला सीसीटीवी (CCTV) फुटेज सामने आया है। मृतका के माता-पिता द्वारा जारी किए गए इस वीडियो ने घटना से ठीक पहले क्लासरूम के भीतर के खौफनाक माहौल और परिस्थितियों को उजागर कर दिया है। 1 नवंबर, 2025 को हुई इस घटना में 9 वर्षीय अमायरा ने स्कूल की चौथी मंजिल की रेलिंग से कूदकर अपनी जान दे दी थी। अब इस नए फुटेज के आने के बाद स्कूल प्रशासन की भूमिका और पुलिस जांच पर गंभीर सवाल खड़े होने लगे हैं।
डिजिटल स्लेट और सहपाठियों का बर्ताव: फुटेज की कड़वी सच्चाई
अमायरा के माता-पिता का आरोप है कि उनकी बेटी पिछले लगभग 18 महीनों से स्कूल में लगातार बुलिंग (बुलीइंग) और मानसिक प्रताड़ना का शिकार हो रही थी। सहपाठियों द्वारा उसके खिलाफ अभद्र और आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल किया जाता था।
जारी किए गए सीसीटीवी फुटेज के अनुसार, घटना वाले दिन क्लासरूम के अंदर कुछ छात्र एक डिजिटल राइटिंग स्लेट लेकर बार-बार अमायरा को कुछ दिखाते हुए नजर आ रहे हैं। यद्यपि वीडियो में कोई ऑडियो नहीं है, लेकिन बच्ची की शारीरिक भाषा (Body Language) से साफ झलकता है कि वह उस स्लेट पर लिखे कंटेंट को देखकर बेहद असहज, परेशान और शर्मिंदा हो गई थी।
हाथ जोड़कर रोती रही मासूम, पर नहीं पिघली टीचर!
वीडियो का सबसे दर्दनाक हिस्सा वह है जहां अमायरा अपनी क्लास टीचर पुनीता शर्मा के पास जाती है। फुटेज में देखा जा सकता है कि वह घबराहट और परेशानी में अपने सिर और मुंह को पकड़ती है, और रोते हुए शिक्षिका के सामने हाथ जोड़कर अपनी बात समझाने की कोशिश करती है।
परेशानी के इस आलम में वह कई बार टीचर के पास मदद की गुहार लगाने लौटती है, लेकिन अन्य छात्रों के हस्तक्षेप और कथित तौर पर क्लास टीचर के सख्त व उदासीन रवैये के बाद, हताश होकर अमायरा अचानक क्लासरूम से बाहर की तरफ भाग निकलती है। परिजनों का आरोप है कि जब वह क्लास से निकलकर चौथी मंजिल की तरफ जा रही थी, तब किसी भी स्टाफ या टीचर ने उसे रोकने या उसका पीछा करने की कोशिश नहीं की, जिसके बाद उसने 48 फीट नीचे कूदकर आत्मघाती कदम उठा लिया।
सबूतों से छेड़छाड़ और जांच पर उठते सवाल
अमायरा को तुरंत नजदीकी अस्पताल ले जाया गया था, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया था। इस दुखद हादसे के बाद से ही परिजनों का आरोप है कि स्कूल ने उनकी पूर्व की सभी शिकायतों को 'बच्चों का आपसी तालमेल' कहकर नजरअंदाज किया।
नए सीसीटीवी फुटेज ने पुलिस की शुरुआती जांच को भी कटघरे में खड़ा कर दिया है। चश्मदीदों और शुरुआती रिपोर्टों के मुताबिक, घटना के तुरंत बाद पुलिस के पहुंचने से पहले ही स्कूल स्टाफ ने उस जगह पर पानी डालकर सफाई कर दी थी जहां अमायरा गिरी थी। खून के निशानों को इस तरह मिटाए जाने से फॉरेंसिक सबूतों के साथ छेड़छाड़ का गहरा संदेह पैदा हो गया है।
शुरुआत में इस मामले को पढ़ाई और भावनात्मक दबाव से जोड़कर पेश करने की कोशिश की गई थी, लेकिन अब क्लासरूम के भीतर की यह हकीकत सामने आने के बाद, अमायरा की मौत के जिम्मेदार कारकों और स्कूल प्रशासन की घोर लापरवाही की नए सिरे से निष्पक्ष जांच करने की मांग तेज हो गई है।