By दिनेश शुक्ल | Oct 05, 2020
मुरैना। मुख्यमंत्री रहते कमलनाथ ने अपने ही सरकार में जनप्रतिनिधियों की उपेक्षा और अपमान किया। जिसके कारण कांग्रेस की सरकार अपने कर्मों से गिरी। कर्जमाफी को लेकर ज्योतिरादित्य सिंधिया ने किसानों के 2 लाख रूपए तक के कर्ज को माफ करने की बात कही तो कमलनाथ जी ने अनसुना कर दिया। सिंधिया जी ने वादा पूरा न होने की बात पर सड़क पर उतरने की बात की तो कमलनाथ अहंकार और भ्रष्टाचार में इतना डूब गए थे न उनको सांसद न विधायक नजर आ रहा था। सरकार में बैठे लोग अभी नहीं तो कभी नहीं की तर्ज पर काम कर रहे थे। यह बात केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने सोमवार को जौरा एवं मुरैना विधानसभा के मंडल सम्मेलनों में सम्बोधित करते हुए कही। तोमर ने जौरा विधानसभा के पहाड़गढ, कैलारस एवं मुरैना विधानसभा के मुरैना पूर्व, पश्चिम और दक्षिण एवं मुरैना ग्रामीण, मुंगावली मंडल सम्मेलन में भाग लेकर कार्यकर्ताओं को जीत का संकल्प दिलाया।
तोमर ने कहा कि चंबल मुरैना के इस क्षेत्र में कांग्रेस ने 50 सालों में कोई बड़ा काम नहीं किया। जो भी विकास के कार्य हुए शिवराजसिंह चौहान के कार्यकाल में हुए है। उन्होंने कमलनाथ सरकार में किसानों के साथ किये गए भेदभाव गिनाते हुए कहा कि किसानों की सरकारी खरीद में कमलनाथ ने रजिस्ट्रेशन कराने में कंजूसी की। किसानों को मिलने वाला बोनस भी बंद कर दिया था। उन्होंने कहा कि शिवराज सिंह चौहान को आपके आशीर्वाद से ही फिर से मुख्यमंत्री बनने का मौका मिला। उन्होंने मुख्यमंत्री बनते ही किसानों को कई सौगातें दी। कोरोनाकाल में सरकार पर बोझ आया। अगर हमारे प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री गांव और किसान का हितैषी है तो प्रतिकूल परिस्थितियों में किसान के हित का ही सोचते है। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि में केन्द्र सरकार द्वारा 6000 रूपए प्रतिवर्ष दिया जाता है, परंतु अब प्रदेश सरकार इसमें 4000 रूपए ओर मिलाकर किसान के खातों में 10 हजार रूपए जमा करेगी। पहले कांग्रेस शासनकाल में बिचौलिए ही सारा पैसा खा जाते थे।
नरेन्द्र सिंह तोमर ने कहा कि विकास और देशभक्ति कोई नारा नहीं है। व्यक्ति के अंदर विकास का भाव और देश भक्ति का जज्बा होना चाहिए। अगर यह जज्बा है तो सदमार्ग पर चलते हुए अपने जीवन को सार्थक बना सकते है और अपने दायित्व को पूरा कर सकते है। हम सब भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ता है और यह कार्यकर्ता आधारित राजनैतिक दल है। भाजपा जिन उद्देश्यों के लिए समर्पित है, उन उद्देश्यों के लिए हम जिए और उसके लिए बलिदान भी करना पडे तो वो भी करे। राष्ट्रवाद का मतलब देश की एकता और अखण्डता को सुरक्षित रखना है। उन्होंने कहा कि डॉ. श्यामप्रसाद मुखर्जी ने 1953 में धारा 370 को खत्म करने की आवाज उठाई थी। पं. दीनदयाल उपाध्याय जी जब राष्ट्रीय अध्यक्ष थे तब उन्होंने कहा था कि अयोध्या में श्री राम का मंदिर बनना चाहिए। अगर भाजपा की कथनी और करनी में समभाव नहीं होता तो आज यह स्वप्न साकार न होते। उन्होंने कहा कि जनता ने भाजपा को ताकत दी तब प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कश्मीर से धारा 370 हटाने का दमदार निर्णय लिया ओर जनता के आशीर्वाद से ही मोदीजी ने श्री राम मंदिर का शिलान्यास किया। उन्होंने कहा कि हर कार्यकर्ता चुनावी समर में प्राणपण के साथ जुटे हमारी विजय निश्चित है।