By अनन्या मिश्रा | Oct 21, 2026
IVF यानी इन विट्रो फर्टिलाइजेशन लाखों कपल के लिए माता-पिता बनने की उम्मीद बन चुका है। हालांकि आईवीएफ के इंजेक्शन या दवाएं ज्यादा मुश्किल नहीं होती है। बल्कि महिलाएं एक सप्ताह के अंदर इस ट्रीटमेंट की आदत डाल लेती हैं। लेकिन इस प्रोसेस में असली थकान मानसिक रूप से होती है। जो ट्रीटमेंट के दौरान महिलाओं के आसपास रहता है। इस दौरान लंबा इंतजार, बात को छिपाने की मजबूरी और फैमिली के सवालों से महिलाएं अक्सर मानसिक रूप से परेशान हो जाती हैं। ऐसे में आज इस आर्टिकल के जरिए हम आपको बताने जा रहे हैं कि इस मुश्किल समय में कपल्स खुद को कैसे संभाल सकते हैं।
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लेकिन जब कोई आईवीएफ फेल होता है, तो यह सिर्फ मेडिकल फेलियर नहीं बल्कि महिला के लिए बहुत मुश्किल समय होता है। लोगों को उम्मीद होती है कि आप नॉर्मल होकर अगले दिन अपने काम पर लौट जाएं, जबकि यह दर्द वास्तन में रियल होता है। इसलिए एक्सपर्ट की सलाह है कि न तो खुद को कमजोर समझें और न ही ओवररिएक्ट करें।
अक्सर महिलाएं ट्रीटमेंट के दौरान खुद को ब्लेम करने लगती हैं। उनके मन में सवाल आने लगते हैं कि क्या शादी के बाद उन्होंने ज्यादा वेट कर लिया, लेट लाइट काम करने की वजह से ऐसा हुआ या एक ट्रिप की वजह से ऐसा हुआ। जबकि इन सभी सवालों का जवाब नहीं है। इनफर्टिलिटी थायराइड या शुगर जैसी ही एक नॉर्मल मेडिकल कंडीशन होती है। यह किसी की गलती के कारण नहीं है। इस ट्रीटमेंट के फेल होने पर स्मार्ट और समझदार महिलाएं भी अपना कॉन्फिडेंस खो देती हैं।
इस ट्रीटमेंट के स्ट्रेस का असर कई बार पति-पत्नी के रिश्ते पर भी देखने को मिलता है। अक्सर पति की चुप्पी को पत्नी उसका अनकेयरिंग एटीट्यूड समझ लेती है। जब देर रात पत्नी इस पर बात करना चाहती हैं, लेकिन पति सोकर सब भूलना चाहता है। इस मौके पर गलत दोनों में से कोई नहीं है। बस दोनों के दुख जताने का तरीका अलग है।
अगर आप भी इस मुश्किल दौर से बाहर निकलना चाहती हैं, तो कुछ बातों का ध्यान रखना चाहिए।
पति-पत्नी मिलकर यह तय कर लें कि इस ट्रीटमेंट के बारे में किसे बताना है और किसको नहीं बताना है। क्योंकि आपका सर्कल जितना छोटा होगा, आपको भी उतने ही कम सवालों का सामना करना पड़ेगा।
एम्ब्रियो ट्रांसफर के बाद के 2 सप्ताह में कपल को खुद को छोटे-मोटे कामों में व्यस्त रखना चाहिए। शाम को बैठकर मूवी देख सकते हैं, साथ में वॉक कर सकते हैं या स्ट्रीट फूड का लुत्फ उठा सकते हैं।
किसी भी काउंसलर से बात करने ज्यादा महंगा नहीं बल्कि यह ट्रीटमेंट का एक जरूरी हिस्सा होता है।
अगर आपको एक साइकिल के बाद दूसरे साइकिल के बीच में 1 से 2 महीने का ब्रेक चाहिए, जो वह ब्रेक जरूर लें। क्योंकि इस दौरान खुद को रिलैक्स करना बेहद जरूरी है।
एक्सपर्ट के मुताबिक अगर आपकी पत्नी उदास है, तो उनकी उदासी को फौरन फिक्स करने की कोशिश नहीं करना चाहिए। बस उनके पास बैठें, उनके साथ रहें। आपका यह छोटा सा सपोर्ट भी उनके लिए काफी मायने रखता है।