अखिलेश एवं मायावती की नासमझी की वजह से नरेंद्र मोदी दो बार प्रधानमंत्री बने: ओवैसी

By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Sep 08, 2021

सुल्तानपुर (उप्र)। ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम)के प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने बुधवार को आरोप लगाया कि नरेंद्र मोदी दो बार प्रधानमंत्री अखिलेश (सपा) एवं मायावती (बसपा) की नासमझी की वजह बने। उन्होंने उत्तर प्रदेश के अपने दौरे के दूसरे दिन बुधवार को विरोधियों के उन आरोपों को खारिज कर दिया, जिसमें उन्हें राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण राज्य में वोट काटने वाले के रूप में पेश किया गया था। अयोध्या के रूदौली से आगामी विधानसभा चुनाव के लिए अपनी पार्टी के अभियान की शुरुआत करने के एक दिन बाद ओवैसी सुल्तानपुर जिले के ओदरा गांव में बुधवार को एक जनसभा को संबोधित कर रहे थे। राजधानी लखनऊ से लगभग 140 किमी दूर स्थित सुल्तानपुर के बारे में माना जाता है कि इसे भगवान राम के पुत्र कुश ने बनाया। ओवैसी ने कहा, कहा जाता है़ ओवैसी लड़ेगा तो वोट काट देगा।’’ उन्होंने सवाल किया, ‘‘ सुलतानपुर में आप सबने अखिलेश यादव को झोली भर कर वोट दिया तो सूर्या (सूर्यभान सिंह भाजपा विधायक)कैसे जीते? 2019 में लोकसभा के चुनाव में सुलतानपुर से भाजपा कैसे जीती,तब ओवैसी तो चुनाव नही लड़ रहा था। क्या अखिलेश यादव ने कहा कि हिंदू ने वोट नही किया इसलिए हारे? वह क्यों मुसलमानों को कहते हैं कि उन लोगों ने वोट नही दिया, क्या मुसलमान कैदी है? ’’ 

इसे भी पढ़ें: ओवैसी की भाजपा के साथ मिली-जुली कुश्ती, दिग्विजय ने पूछा- तेलंगाना की सभी सीटों पर क्यों नहीं लड़ते चुनाव

ओवैसी ने ये भी कहा, ‘‘ दो बार भाजपा मुसलमानों के वोटों से नही जीती है़। इस आरोप का विरोध करते हुए कि उप्र में चुनाव लड़कर ओवैसी भाजपा के प्रतिद्वंद्वियों के वोट खराब करेंगे, हैदराबाद के सांसद ने पूछा, “जब आप सभी (मुसलमानों) ने अखिलेश यादव की पार्टी को वोट दिया तो पिछले विधानसभा चुनाव में यहां से एक भाजपा उम्मीदवार कैसे जीता? इसी तरह बीजेपी ने 2019 में सुल्तानपुर से लोकसभा चुनाव कैसे जीता, जबकि एआईएमआईएम वहां नहीं लड़ी थी? समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष पर तीखा हमला करते हुए ओवैसी ने पूछा, क्या मुसलमान आपके गुलाम हैं? उन्होंने कहा, अखिलेश और मायावती की नासमझी के कारण नरेंद्र मोदी दो बार प्रधानमंत्री बने।’’ हालांकि वह इस बारे में कुछ विस्तार से नहीं बोले। ओवैसी ने कहा,‘‘लोकसभा के चुनाव में मजलिस (एआईएमआईएम) तीन सीटों हैदराबाद, औरंगाबाद और किशनगंज से चुनाव जीती। हमने हैदराबाद में भाजपा को हराया,हमें हराने मोदी और अमित शाह आए थे, लेकिन उनकी दाल नहीं गली। औरंगाबाद में 21 साल से शिव सेना सांसद को मजलिस ने हराया। किशनगंज में हम हार जरुर गए लेकिन लाखों वोट मिले।’’ उन्होंने कहा कि जहां मैं लड़ता हूं वहां भाजपा नहीं जीतती। हम चाहते हैं कि आपकी आवाज को विधानसभा व संसद में उठाने वाला आपका नुमाइंदा हो। यह तभी होगा जब हम सब अपने लोगों को चुनकर भेजेंगे। सपा, बसपा व कांग्रेस ने आप सबका बहुत खून चूसा। 

प्रमुख खबरें

असम चुनाव में EVM की विश्वसनीयता पर PIL की स्वीकार्यता पर Gauhati HC में सुनवाई

RSS Chief Mohan Bhagwat बोले: भेदभाव न करना ही भारत की धर्मनिरपेक्षता की असली परंपरा

बाढ़ पीड़ितों की अनदेखी कर BJP मना रही PM Modi का जन्मदिन, Akhilesh Yadav ने साधा निशाना

Anbil Mahesh से 18 करोड़ की धोखाधड़ी केस में CCB ने की आठ घंटे पूछताछ