By अंकित सिंह | Jun 11, 2022
पैगंबर मोहम्मद के खिलाफ कथित टिप्पणी को लेकर भाजपा के निलंबित प्रवक्ता नूपुर शर्मा के खिलाफ देशभर में लगातार विरोध का माहौल बनाने की कोशिश की जा रही है। कल जुमे की नमाज के बाद देश के अलग-अलग हिस्सों में विरोध प्रदर्शन किया गया। इस विरोध प्रदर्शन में हिंसा और पथराव की खबर भी रही। साथ ही साथ कई जगहों पर आगजनी की भी घटना हुई। इन सबके बीच आज काशी में धर्म परिषद की बैठक हुई। धर्म परिषद में जुमे की नमाज के बाद हुई हिंसा की निंदा की गई। साथ ही साथ इस पर नाराजगी भी जताई गई। संतो ने केंद्र तथा प्रदेश सरकार से अराजकता फैलाने वालों और उसके पीछे के साजिशकर्ताओं को चिन्हित कर उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की भी मांग की है।
इसके साथ ही नूपुर शर्मा का गला काटने और रेप की धमकी देने वालों की भी कठोर निंदा की गई है। संत समाज ने यह भी कहा है कि हमारे मंदिर तोड़े जा रहे हैं, हमारे भगवान को अपमान किया जा रहा है, हम कानून के रास्ते पर चलकर ही जिहादियों के खिलाफ कार्यवाही चाहते हैं इसके साथ ही देश को जलने से बचाने के लिए संतों के सड़क पर उतरने का भी फैसला लिया गया है जानकारी के मुताबिक इसमें कहा गया है कि सभी पंचों, अखाड़ों और नागाओं से वार्ता कर इस पर फैसला लिया जाएगा। धर्म परिषद में यह भी कहा गया है कि हम भगवान राम के रास्ते पर चलने वाले हैं। हम शांति चाहते हैं और जो हिंसा हो रही है वह अस्वीकार्य है। अब बहुत हो चुका, सरकार तत्काल कदम उठाए।