By अंकित सिंह | Dec 15, 2023
संसद की सुरक्षा में बुधवार को हुई चूक को लेकर राजनीतिक जबरदस्त तरीके से गर्म हो गई है। इस मामले को लेकर राज्यसभा और लोकसभा में हंगामा जारी है। गुरुवार को दोनों सदनों में 14 सांसदों को हंगामे की वजह से निलंबित कर दिया गया था। इसका असर शुक्रवार को भी देखा गया। शुक्रवार को भी लोकसभा और राज्यसभा में विपक्षी दलों का जबरदस्त तरीके से हंगामा जारी रहा। हंगामे की वजह से शुक्रवार को दोनों सदनों की कार्यवाही नहीं चल पाई।
सूचीबद्ध कामकाज निलंबित कर तत्काल चर्चा कराने की मांग सभापति जगदीप धनखड़ की ओर से खारिज किए जाने के बाद विपक्षी सदस्यों ने शुक्रवार को राज्यसभा में हंगामा किया, जिसकी वजह से सदन की कार्यवाही एक बार के स्थगन के बाद दिन भर के लिए स्थगित कर दी गई। हंगामे की वजह से उच्च सदन में न तो शून्यकाल, ना ही प्रश्नकाल और ना ही कोई महत्वपूर्ण विधायी कामकाज हो सका। दोपहर दो बजे उच्च सदन की बैठक दोबारा आरंभ होते ही विपक्षी सदस्य अपने स्थान पर खड़े हो गए और विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खरगे को बोलने देने का अनुरोध किया। इसी दौरान नेता सदन पीयूष गोयल भी खड़े हो गए और कुछ बोलना चाहा। इसी समय सत्ता पक्ष और विपक्ष की ओर से हंगामा और शोर आरंभ हो गया। धनखड़ ने दोनों पक्षों से शांत होने की गुजारिश की और कहा कि वह सदन में कुछ घोषणा करना चाहते हैं। हालांकि हंगामा एवं शोरगुल जारी रहा और उन्होंने कार्यवाही दिन भर के लिए स्थगित कर दी।