अपनी ही सरकार की पशुपति पारस ने खोली पोल, कहा- कौन कहता है बिहार में दारू नहीं मिलती

By अंकित सिंह | Apr 19, 2022

बिहार में शराबबंदी कानून लागू है। बावजूद इसके बिहार में अवैध शराब का कारोबार फल-फूल रहा है और हर रोज शराब पकड़ी भी जाती है। इसके अलावा अक्सर यह भी खबर आती है कि बिहार में जहरीली शराब पीने से किसी की मृत्यु हो गई। यही कारण है कि विपक्ष लगातार नीतीश कुमार की सरकार पर हमलावर रहता है। विपक्ष का दावा है कि बिहार में शराबबंदी पूरी तरीके से फेल है और इसकी वजह से भ्रष्टाचार बढ़ा है। हालांकि अब खुद एनडीए के सहयोगी और मोदी सरकार में मंत्री पशुपति कुमार पारस ने भी बिहार में शराबबंदी को लेकर बड़ा बयान दिया है। पशुपति पारस ने ऐसा बयान दिया है जो कि नीतीश कुमार की सरकार की पोल खोल रहा है।

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पारस ने चिराग पर राजनीतिक फायदा उठाने का आरोप लगाया

पशुपति कुमार पारस ने अपने भतीजे चिराग पासवान पर दिवंगत रामविलास पासवान को आवंटित घर से हाल में बेदखल किए जाने को मुद्दा बनाकर इसका राजनीतिक फायदा उठाने का प्रयास करने का आरोप लगाया। पासवान के छोटे भाई पारस ने दावा किया कि केंद्र ने चिराग को 12ए जनपथ बंगला खाली करने से पहले छह नोटिस भेजे थे और आरोप लगाया कि चिराग अब यह दावा करके सहानुभूति बटोर रहे हैं कि बेदखली के दौरान रामविलास पासवान के सामान को विरूपित कर दिया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि चिराग ने खुद बड़े साहब (रामविलास पासवान) की तस्वीरें सड़क के किनारे फेंकी थीं और अब वह विलाप कर रहे हैं कि बेदखली को अंजाम देने वाले कर्मियों ने ऐसा किया।’’ उन्होंने पूछा, ‘‘वह अपना सारा सामान सुरक्षित रूप से कैसे ले गए और बंगले के बाहर फेंकी गई चीजों में उनकी और उनकी मां का एक भी सामान क्यों नहीं था। 

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