By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Dec 22, 2020
वाशिंगटन। भारत-अमेरिका संबंधों के लिहाज से साल 2020 मील का पत्थर साबित हुआ है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प की इस साल भारत यात्रा के दौरान दोनों देशों ने व्यापक वैश्विक रणनीतिक साझेदारी को बढ़ावा दिया। इसी साल दोनों देशों ने कोविड -19 महामारी और यहां हुए राष्ट्रपति चुनाव के चलतेपैदा घरेलू राजनीतिक गतिरोध के बावजूद अपने संबंधों को अभूतपूर्व ऊंचाई और गति प्रदान की। अमेरिका में तीन नवंबर को राष्ट्रपति चुनाव से पहले दोनों के देशों के बीच दिल्ली में 2+2 मंत्रिस्तरीय वार्ता हुई जिसमें अमेरिका की ओर से विदेश मंत्री माइक पोम्पिओ और रक्षा मंत्री मार्क एस्पर जबकि भारत की ओर से विदेश मंत्री एस जयशंकर तथा रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने हिस्सा लिया, जिससे दोनों देशों के संबंधों की परिपवक्ता प्रदर्शित हुई।
भारत और अमेरिका के बीच महत्वपूर्ण बेका समझौता हुआ जिससे दोनों देशों ने रक्षा संबंधों को और प्रगाढ़ बनाने की तरफ कदम बढ़ाए। अमेरिका में भारत के राजूदत तरनजीत सिंह संधू ने पीटीआई से कहा, वैश्विक महामारी के बीच भारत-अमेरिका संबंध शक्ति का एक स्रोत रहा है। टीका तैयार करने से लेकर हिंद-प्रशांत की सुरक्षा तक दोनों देशों ने 2020 में रणनीतिक साझेदारी को मजबूत और प्रगाढ़ बनाने के लिये मिलकर काम किया है। इसके अलावा प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने अमेरिका-भारत व्यापार परिषद और अमेरिका-भारत रणनीतिक एवं साझेदारी फोरम के जरिये अमेरिका के व्यापार जगत को संबोधित किया। दोनों देशों ने सामरिक ऊर्जा साझेदारी तथा भारत-अमेरिका सीईओ फोरम की बैठकें भी हुईं, जिनका मकसद द्विपक्षीय व्यापार संबंधों को बढ़ावा देना था।