By रेनू तिवारी | Apr 10, 2026
Breaking News 10 April 2026 | आज की ताज़ा और बड़ी खबरें- देश-दुनिया की ताज़ा और बड़ी खबरें अब आपकी उंगलियों पर! प्रभासाक्षी के इस समाचार बुलेटिन में पढ़ें आज की मुख्य सुर्खियाँ। पूरी जानकारी के लिए नीचे दिए गए लिंक पर जाएँ।
इलाहाबाद हाई कोर्ट के जस्टिस यशवंत वर्मा ने इस्तीफ़ा दे दिया है। उन्होंने अपना इस्तीफ़ा राष्ट्रपति को सौंपा है। यह कदम ऐसे समय में उठाया गया है, जब उनके घर पर कैश मिलने से जुड़े आरोपों को लेकर उनके ख़िलाफ़ एक आंतरिक जाँच चल रही थी। यह घटना एक संवेदनशील समय पर हुई है, क्योंकि अभी भी उनके ख़िलाफ़ आगे की कार्रवाई, जिसमें संसदीय कार्रवाई भी शामिल है, की संभावना बनी हुई है। इस विवाद के बाद जस्टिस वर्मा का पहले दिल्ली हाई कोर्ट से इलाहाबाद हाई कोर्ट में तबादला कर दिया गया था।
बिहार की सियासत छोड़ Delhi पहुंचे Nitish Kumar, Rajya Sabha MP की शपथ लेकर शुरू की नई पारी
बिहार के लंबे समय से मुख्यमंत्री रहे नीतीश कुमार ने शुक्रवार को राज्यसभा सदस्य के रूप में शपथ ली, जिससे राज्य में एक बड़े नेतृत्व परिवर्तन का मार्ग प्रशस्त हुआ। उन्होंने राज्यसभा अध्यक्ष सीपी राधाकृष्णन के कक्ष में उच्च सदन के सदस्य के रूप में शपथ ली। नीतीश कुमार के राज्यसभा में पदभार ग्रहण करने के साथ ही बिहार में उनका लंबा कार्यकाल समाप्त हो गया। सत्तारूढ़ एनडीए अब 14 अप्रैल को राज्य के नए मुख्यमंत्री का चुनाव कर सकता है। नीतीश कुमार ने राज्य विधान परिषद के सदस्य पद से पहले ही इस्तीफा दे दिया था। उन्होंने राज्यसभा के लिए चुने जाने के बाद 30 मार्च को पद छोड़ दिया था।
पश्चिम एशिया में इजराइल ईरान और अमेरिका के बीच बने अस्थाई संघर्षविराम ने दुनिया को भले ही कुछ समय के लिए राहत दी हो, लेकिन इस शांति की सतह के नीचे एक बड़ा कूटनीतिक खेल चल रहा है। और इस खेल में भारत निर्णायक भूमिका निभा रहा है। नई दिल्ली से लेकर पोर्ट लुईस, वाशिंगटन और दोहा तक भारतीय कूटनीति एक साथ कई दिशाओं में तेज रफ्तार से आगे बढ़ रही है। विदेश मंत्री एस जयशंकर, विदेश सचिव विक्रम मिसरी और पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी की सक्रियता इस बात का स्पष्ट संकेत है कि भारत अब वैश्विक समीकरणों को अपने हिसाब से ढालने की स्थिति में आ चुका है।
Pakistan में US–Iran शांति वार्ता से पहले बड़ा अलर्ट, जेडी वेंस को खतरा
अमेरिका और ईरान के बीच संभवित शांति वार्ता और उसका मंच पाकिस्तान। लेकिन बातचीत से पहले ही सुरक्षा को लेकर बड़ी चेतावनी सामने आ गई है। व्हाइट हाउस के पूर्व प्रेस सचिव एरी फ्लेशर ने साफ कहा है कि पाकिस्तान में अमेरिकी प्रतिनिधियों खास करके जेडी विंस की सुरक्षा को लेकर गंभीर खतरा है। क्या यह वार्ता शांति का रास्ता खोलेगी या नए तनाव को जन्म देगी? यूनाइटेड स्टेट और ईरान के बीच शनिवार को पाकिस्तान में शांति वार्ता प्रस्तावित होने वाली है। इससे पहले दोनों देशों के बीच दो हफ्ते के सशर्त युद्ध विराम पर सहमति बनी थी जिसे स्थाई शांति में बदलने की कोशिश की जा रही है। लेकिन इस पहल से पहले ही एरी फ्लेशर ने बड़ा अलर्ट जारी किया है। उन्होंने पाकिस्तान को हथियारों से लेस और जोखिम भरा बताते हुए कहा है कि यहां हाई प्रोफाइल विजिट्स हमेशा खतरे में ही घिरी रहती है।
पश्चिम बंगाल में आगामी दो चरणों में होने वाले विधानसभा चुनावों के लिए भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के घोषणापत्र का अनावरण करते हुए, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने शुक्रवार को राज्य के लिए कई वादे किए, जिनमें घुसपैठियों के खिलाफ कार्रवाई, पर्याप्त कानून व्यवस्था, महिलाओं के लिए मासिक वित्तीय सहायता और सातवें वेतन आयोग को लागू करना शामिल है। कोलकाता में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में बोलते हुए, केंद्रीय गृह मंत्री ने यह भी कहा कि यदि भाजपा राज्य में सत्ता में आती है, तो छह महीने के भीतर समान नागरिक संहिता (यूसीसी) लागू कर दी जाएगी। उन्होंने आगे कहा कि 'संकल्प पत्र' नामक यह घोषणापत्र किसानों, युवाओं और महिलाओं का मार्गदर्शन करेगा और उन्हें एक नई दिशा प्रदान करेगा।
समोसा आज दुनिया के सबसे लोकप्रिय स्ट्रीट फूड्स में से एक है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि जिस समोसे को हम आज बड़े चाव से खाते हैं, वह 500 साल पहले बिल्कुल अलग दिखता था? ब्रिटिश म्यूजियम में रखी एक प्राचीन फारसी पांडुलिपि में समोसे की एक ऐसी रेसिपी मिली है, जो इसके वर्तमान स्वरूप से कोसों दूर है। यह रेसिपी 'निमतनामा' (Ni'matnama) नामक पांडुलिपि में दर्ज है, जिसका अर्थ है 'खुशियों की किताब'। इसे 1501 से 1510 ईस्वी के बीच मध्य भारत के मांडू के सुल्तान के लिए लिखा गया था। इस ऐतिहासिक दस्तावेज का सफर किसी फिल्मी कहानी से कम नहीं है: यह महान मुगल सम्राट अकबर के पास रहा। बाद में यह मैसूर के टीपू सुल्तान के हाथों में पहुँचा। अंततः, ब्रिटिश ईस्ट इंडिया कंपनी के माध्यम से यह ब्रिटिश म्यूजियम पहुँचा, जहाँ यह आज भी सुरक्षित है।
PM Modi ने की Nitish Kumar की तारीफ, बोले- Rajya Sabha में आपके अनुभव से बढ़ेगी Parliament की गरिमा
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को राज्यसभा सांसद बनने पर हार्दिक बधाई दी है। पीएम मोदी ने अपने संदेश में कहा कि नीतीश कुमार देश के सबसे अनुभवी नेताओं में से एक हैं और सुशासन के प्रति उनकी प्रतिबद्धता की हर ओर सराहना होती रही है। पीएम ने लिखा कि नीतीश कुमार ने बिहार के विकास में अमिट योगदान दिया है, और उन्हें एक बार फिर संसद में देखना बेहद सुखद होगा। उन्होंने यह भी याद दिलाया कि सांसद और केंद्रीय मंत्री के रूप में भी नीतीश कुमार ने कई वर्षों तक देश की सेवा की है।
Hormuz पर Iran की Toll-वसूली क्यों गैर-कानूनी? समझिए Suez Canal और UNCLOS का पूरा नियम
8 अप्रैल को अमेरिका ईरान के बीच दो हफ्तों के लिए सीज फायर हुआ। जो शर्तें रखी गई उनमें से एक थी स्टेट ऑफ हॉर्मोस से जहाजों के लिए सेफ पैसेज। इस शर्त का असर जमीन पर ज्यादा मालूम नहीं पड़ रहा था। रास्ता खुल तो गया था लेकिन जहाजों का ट्रैफिक एकदम सुस्त पड़ा है। अब इस सीज फायर के बाद ईरानी मीडिया ने एक नया नक्शा जारी किया है जिसे आईआरजीसी का अप्रूव्ड रूट बोला गया है। आईआरजीसी ने कहा कि पुराने रास्तों में समुद्री सुरंगे बिछी हो सकती है इसलिए जहाज नए रास्ते से जाएं। यह नया रास्ता ईरान के किनारे से एकदम करीब लारक आइलैंड के पास से गुजरता है। अब रास्ता जहाजों के लिए पूरी तरह से बंद तो नहीं है, लेकिन इसके खुलने से जहाजों के ट्रैफिक में कोई खास बदलाव नहीं आया। जहाज आ तो रहे हैं लेकिन बहुत कम। पुराना रास्ता समुद्र के बीच से जाता था जहां आईआरजीसी का कंट्रोल मुश्किल था। अब यह नया रास्ता ईरान के किनारे से सटा है जहां से आईआरजीसी पूरी नजर रख सकती है।
मध्य पूर्व में भड़के भीषण संघर्ष के बीच पाकिस्तान की कूटनीतिक हेकड़ी जिस तरह से धड़ाम से जमीन पर गिरी है, उसने पूरी दुनिया को यह दिखा दिया है कि बयानबाजी और हकीकत के बीच कितना बड़ा फर्क होता है। पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ का आक्रामक बयान, फिर इजराइल की सख्त प्रतिक्रिया और उसके बाद अचानक ट्वीट डिलीट करना, यह पूरी कहानी पाकिस्तान की कमजोर पड़ती साख की सबसे बड़ी मिसाल बन गई है।
पश्चिम बंगाल के चुनावी समंदर में इस बार मछली सिर्फ थाली तक सीमित नहीं रही, बल्कि सियासत के केंद्र में आकर तैरने लगी है। मछली अप्रत्याशित लेकिन असरदार राजनीतिक प्रतीक बन गई है। पश्चिम बंगाल में मछली केवल थाली का स्वाद नहीं, बल्कि बंगालियों की अस्मिता, संस्कृति और परंपरा का प्रतीक है। लेकिन इस बार यह 'माछ' रसोई की चहारदीवारी लांघकर राजनीतिक अखाड़े का सबसे चर्चित मुद्दा बन गई है। ‘रोडशो’ में लहराई जा रही विशाल कतला से लेकर हिलसा, पाबदा और चिंगड़ी मछली अब सियासी मंचों पर धमक दिखा रही हैं।