Manipur Fresh Violence | मणिपुर में फिर भड़की हिंसा की आग! उखरुल में उग्रवादियों ने फूँके दर्जनों घर, कर्फ्यू लागू

By रेनू तिवारी | Feb 09, 2026

मणिपुर के उखरुल जिले में एक बार फिर सांप्रदायिक तनाव और हिंसा का तांडव देखने को मिला है। रविवार रात सशस्त्र उग्रवादियों ने लिटान सारेइखोंग क्षेत्र में कई मकानों को आग के हवाले कर दिया। यह हिंसा तंगखुल नगा समुदाय के एक व्यक्ति पर हुए कथित हमले के बाद उपजे तनाव का परिणाम बताई जा रही है। प्रशासन ने स्थिति को अनियंत्रित होते देख जिले में तत्काल प्रभाव से निषेधाज्ञा (Curfew) लागू कर दी है। अधिकारियों ने सोमवार को बताया कि रविवार शाम को जिले के लिटान गांव में दो आदिवासी समूहों ने पथराव किया, जिसके कारण प्रशासन को निषेधाज्ञा लागू करनी पड़ी।

उन्होंने बताया कि मध्यरात्रि के आसपास लिटान सारेइखोंग में तंगखुल नगा समुदाय के कई मकानों में कथित तौर पर कुकी उग्रवादियों द्वारा आग लगा दी गई। पास के ही एक इलाके में कुकी समुदाय के कुछ लोगों के मकानों को भी जला दिया गया। तंगखुल मणिपुर की सबसे बड़ी नगा जनजाति है। लितान सारेइखोंग कुकी बहुल गांव है।

इसे भी पढ़ें: Maharashtra Zilla Parishad, Panchayat Samiti Election Results 2026 | 4 जिलों में बीजेपी को शुरुआती बढ़त मिली

जिले के एक अधिकारी ने ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा, ‘‘नुकसान का आकलन किया जा रहा है और स्थिति तनावपूर्ण बनी हुई है।’’ सोशल मीडिया पर प्रसारित वीडियो फुटेज में हथियारबंद लोग गांव में मकानों और वाहनों को आग लगाते हुए और उग्रवादी अत्याधुनिक हथियारों से हवा में गोली चलाते हुए दिखाई दे रहे हैं। ‘पीटीआई-भाषा’ वीडियो क्लिप की प्रामाणिकता की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं कर सका। अधिकारी ने बताया कि कानून व्यवस्था बनाए रखने और संदिग्ध व्यक्तियों की आवाजाही को रोकने के लिए महादेव, लंबुई और शांगकाई तथा लिटान की ओर जाने वाले अन्य क्षेत्रों में अतिरिक्त सुरक्षा कर्मियों को तैनात किया गया है।

उन्होंने बताया कि रविवार शाम को सुरक्षा बलों ने लिटान सारेइखोंग गांव में आपस में भिड़े दो आदिवासी समूहों को तितर-बितर करने के लिए आंसू गैस के गोले दागे। उखरुल जिले के मजिस्ट्रेट द्वारा जारी एक अधिसूचना में कहा गया है कि तंगखुल नगा और कुकी समुदायों के सदस्यों के बीच तनाव के कारण गांव में शांति और व्यवस्था भंग होने की आशंका है। जिला मजिस्ट्रेट आशीष दास ने अधिसूचना में कहा कि रविवार शाम सात बजे से अगले आदेश तक किसी भी व्यक्ति का अपने निवास स्थान से बाहर निकलना प्रतिबंधित है। इसमें कहा गया है कि यह आदेश सरकारी अधिकारियों और सुरक्षाकर्मियों पर लागू नहीं होगा।

शनिवार रात लिटान गांव में सात से आठ लोगों द्वारा तंगखुल नगा समुदाय के एक सदस्य पर कथित तौर पर हमला किए जाने के बाद इलाके में हिंसा भड़क गई। अधिकारियों ने बताया कि पीड़ित पक्ष और लिटान सारेइखोंग के मुखिया के बीच मामला सुलझ गया था और दोनों पक्ष आपसी सहमति से पारंपरिक तरीकों से समस्या का समाधान करने पर सहमत हुए थे। रविवार को एक बैठक निर्धारित की गई थी लेकिन बैठक नहीं हुई। उन्होंने बताया कि इसके बजाय पास के सिकिबुंग गांव के ग्रामीणों के एक समूह ने लिटान सारेइखोंग के मुखिया के आवास पर कथित तौर पर हमला किया। ऐसी जानकारी है कि ग्रामीणों ने लिटान पुलिस थाने के आसपास से गुजरते समय सात गोलियां भी चलाईं।

तनावपूर्ण शांति के बीच अलर्ट

जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि स्थिति वर्तमान में तनावपूर्ण लेकिन नियंत्रण में है। संदिग्धों की आवाजाही रोकने के लिए लिटान की ओर जाने वाले सभी रास्तों पर नाकेबंदी कर दी गई है। तंगखुल (मणिपुर की सबसे बड़ी नगा जनजाति) और कुकी समुदाय के बीच इस झड़प ने राज्य में पहले से ही नाजुक सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। 

News Source- Press Trust OF India 

प्रमुख खबरें

महंगाई का डबल झटका: April Inflation Rate साल के शिखर पर, RBI ने भी दी बड़ी Warning

WPL 2025 की Star Shabnim Ismail की वापसी, T20 World Cup में South Africa के लिए फिर गरजेंगी

क्रिकेट में Rahul Dravid की नई पारी, European T20 League की Dublin फ्रेंचाइजी के बने मालिक

El Clásico का हाई ड्रामा, Barcelona स्टार Gavi और Vinicius के बीच हाथापाई की नौबत