By अंकित सिंह | Oct 30, 2025
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की बिहार इकाई ने राज्य के मुख्य चुनाव अधिकारी के समक्ष कांग्रेस नेता और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी के खिलाफ राज्य में एक जनसभा के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ कथित तौर पर व्यक्तिगत और अपमानजनक टिप्पणी करने के लिए औपचारिक शिकायत दर्ज कराई है। अपनी शिकायत में, भाजपा ने राहुल गांधी पर आदर्श आचार संहिता और जनप्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 के प्रावधानों का उल्लंघन करने का आरोप लगाया है।
इससे पहले बुधवार को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि कांग्रेस नेता राहुल गांधी को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर अपनी हालिया टिप्पणी और छठी मैया व उनके भक्तों का अपमान करने की "कीमत चुकानी" पड़ेगी। राहुल गांधी की इस टिप्पणी पर कि प्रधानमंत्री मोदी वोट के लिए "नाच भी सकते हैं", शाह ने न्यूज़18 नेटवर्क को दिए एक साक्षात्कार में कहा कि राहुल गांधी को चुनावों में इसकी कीमत चुकानी पड़ेगी। राहुल ने मोदी के बारे में अपमानजनक बातें कहीं और उनकी माँ का अपमान किया, लेकिन जब भी उन्होंने ऐसा किया है, घटिया स्तर के कीचड़ से कमल खिल गया है।
गौरतलब है कि कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने आरोप लगाया है कि "मोदी-नीतीश" सरकार ने बिहार के युवाओं की आकांक्षाओं का गला घोंट दिया है, राज्य को लावारिस छोड़ दिया है और विकास के हर पैमाने पर इसे रसातल में धकेल दिया है। गांधी ने ज़ोर देकर कहा कि अब बदलाव का समय है और महागठबंधन के न्याय के संकल्प को फिर से पुष्ट करने का समय है। उन्होंने यह टिप्पणी एक्स पर एक पोस्ट में की, जिसके साथ हाल ही में बिहार के युवाओं के साथ उनकी बातचीत का एक वीडियो भी पोस्ट किया गया है। लोकसभा में विपक्ष के नेता ने हिंदी में अपने पोस्ट में कहा, "कुछ दिन पहले, बिहार के युवाओं के साथ मेरी शिक्षा, स्वास्थ्य, रोज़गार, हर मुद्दे पर बहुत दिलचस्प बातचीत हुई। और, इन सभी मामलों में इस बदहाल राज्य के लिए केवल एक ही दोषी है - भाजपा-जदयू सरकार।"