By अंकित सिंह | Aug 02, 2022
देश के कई हिस्सों में प्रवर्तन निदेशालय की ओर से ताबड़तोड़ छापेमारी की जा रही है। इस छापेमारी में कई नेताओं के नाम भ्रष्टाचार से जुड़े रहे हैं। यही कारण है कि विपक्षी दल केंद्र के मोदी सरकार पर जबरदस्त तरीके से हमलावर है। भाजपा की ओर से भी विपक्ष के आरोपों का जवाब दिया जा रहा है। इन सब के बीच भाजपा प्रवक्ता शहजाद पूनावाला ने आज भ्रष्टाचार के चार स्तंभ के बारे में बताया है। अपने बयान में शहजाद पूनावाला ने कहा कि आप सभी ने लोकतंत्र के चार स्तंभ के बारे में सुना होगा। लेकिन आज हम आपको भ्रष्टाचार के चार स्तंभों के बारे में बता रहे हैं। इसके साथ ही शहजाद पूनावाला ने कांग्रेस, तृणमूल कांग्रेस, उद्धव ठाकरे की पार्टी और आम आदमी पार्टी का नाम लिया।
शहजाद पूनावाला ने आगे कहा कि ईडी की चल रही छापेमारी को देखते हुए जयराम रमेश ने इसे उन्हें चुप कराने की कोशिश बताया। 2,000 करोड़ रुपये की सार्वजनिक संपत्ति, जो स्वतंत्रता सेनानियों की है, जिन्होंने अपने प्राण न्यौछावर कर दिए, का इस्तेमाल एक परिवार की जेब भरने के लिए किया गया। उन्होंने दावा किया कि यह यूपीए सरकार की निगरानी में हुआ। इससे पहले संजय राउत पर हमला करते हुए संबित पात्रा ने कहा कि पात्रा चॉल केस 2007 का है। 47 एकड़ जमीन वाले इस पात्रा चॉल में करीब 672 परिवार कई वर्षों से रहते हैं। MHADA ने 2007 में पात्रा चॉल के पुनर्निमाण के लिए गुरु आशीष डेवलपर्स के साथ एक एग्रीमेंट किया। इस कंपनी में संजय राउत के एक खास व्यक्ति निदेशक थे।