By प्रभासाक्षी न्यूज़ डेस्क | Sep 17, 2026
उच्चतम न्यायालय दिल्ली में विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के दौरान मतदाता सूची से नाम हटाए जाने के खिलाफ दायर याचिका पर 21 सितंबर को सुनवाई करने पर बृहस्पतिवार को सहमत हो गया। प्रधान न्यायाधीश सूर्यकांत और न्यायमूर्ति जॉयमाल्या बागची एवं न्यायमूर्ति वी मोहना की पीठ ने कहा कि वह सोमवार को इस मामले पर सुनवाई करेगी क्योंकि एसआईआर से जुड़े अन्य मामले भी अगले सप्ताह सूचीबद्ध हैं। याचिकाकर्ता की ओर से पेश अधिवक्ता प्रशांत भूषण ने दलील दी कि दिल्ली में मतदाता सूची से जिन 47 लाख लोगों के नाम हटाए गए हैं, उनमें से निर्वाचन आयोग ने 33 लाख लोगों को नोटिस जारी किया है।
मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण के तहत प्रकाशित मसौदा मतदाता सूची में से दिल्ली के लगभग तीन में से एक मतदाता का नाम हटा दिया गया। निर्वाचन आयोग ने कहा था कि एसआईआर के दौरान पाया गया कि 43.32 लाख से अधिक मतदाता या तो दूसरे स्थान पर चले गए या अनुपस्थित मिले, जबकि 2.82 लाख से अधिक मतदाताओं की मृत्यु हो चुकी थी। इसके अलावा, 1.41 लाख से अधिक मतदाताओं के नाम एक से अधिक स्थानों पर दर्ज पाए गए।