By एकता | Sep 20, 2026
तमिलनाडु की सरकारी शराब दुकानों में काम करने वाले TASMAC कर्मचारियों को अब तय वर्दी पहननी होगी। सरकार के आदेश के मुताबिक 15 नवंबर 2026 से दुकान के कामकाज के दौरान निर्धारित वर्दी पहनना जरूरी होगा। इसका मकसद सभी दुकानों में कर्मचारियों का पहनावा एक जैसा और व्यवस्थित रखना है। सरकार ने हर कर्मचारी के लिए सालाना 6,000 रुपये का वर्दी भत्ता भी मंजूर किया है। इस रकम से कर्मचारियों को वर्दी के तीन जोड़े तैयार कराने होंगे।
एक वरिष्ठ TASMAC अधिकारी ने बताया, "सभी कमीजों पर बाईं छाती की तरफ TASMAC का चिन्ह लगा होना जरूरी है। कमीज को पैंट के अंदर या बाहर, दोनों तरह से पहना जा सकता है।"
सभी जिलों में वर्दी के रंग और कपड़े में एकरूपता रखने के लिए कर्मचारियों को तय कपड़ा ही खरीदना होगा। इसके लिए उन्हें अपने जिले के मुख्यालय में स्थित सरकारी कॉ-ऑप्टेक्स दुकानों से मंजूर कपड़ा खरीदने को कहा गया है।
कर्मचारियों को 31 अक्टूबर 2026 तक कपड़ा खरीदना होगा, जबकि वर्दी की सिलाई 10 नवंबर 2026 तक पूरी करनी होगी। अधिकारी ने बताया, "15 नवंबर 2026 से काम के समय तय वर्दी पहनना अनिवार्य होगा।"
TASMAC अधिकारियों के मुताबिक नवंबर के मध्य से दुकानों का निरीक्षण शुरू किया जाएगा। अगर कोई कर्मचारी वर्दी का भत्ता लेने के बाद बिना उचित वजह के वर्दी नहीं बनवाता या उसे नहीं पहनता है, तो उससे दी गई रकम वापस ली जा सकती है। इसके साथ ही अनुशासनात्मक कार्रवाई भी की जा सकती है।
शराबबंदी और आबकारी विभाग की वर्ष 2026-27 की नीति संबंधी रिपोर्ट के अनुसार, तमिलनाडु राज्य विपणन निगम यानी TASMAC राज्य में 4,048 खुदरा शराब दुकानें चलाता है। इन दुकानों में पर्यवेक्षक, बिक्री कर्मचारी और सहायक बिक्री कर्मचारियों समेत कुल 22,877 कर्मचारी काम करते हैं। TASMAC तमिलनाडु सरकार की वह संस्था है जिसे राज्य में शराब की थोक और खुदरा बिक्री का काम सौंपा गया है।