अब चीन पर टूट पड़े बलूच लड़ाके, फूंक डाला कार्गो काफिला, मची तबाही!

Baloch
AI-Generated
अभिनय आकाश । Oct 10 2026 1:01PM

बलूच विद्रोहियों ने पाकिस्तानी सेना के साथ अब चीनी हितों को भी निशाना बनाना शुरू कर दिया है। लड़ाकों ने ग्वादर बंदरगाह जा रहे कार्गो काफिले पर हमला कर दो ट्रेलरों को फूंक दिया और चालक का अपहरण कर लिया। यह हमला सीपीईसी परियोजना और ग्वादर के व्यापारिक मार्ग पर विद्रोहियों के बढ़ते खौफ को दर्शाता है।

पाकिस्तान में इन दिनों चारों तरफ ऐसा विद्रोह भड़का हुआ है उसे काबू पाने में शहबाज और मुनीर नाकाम दिख रहे हैं। पाकिस्तान के खिलाफ खुली बगावत करने वाले विद्रोही अब तक तो मुनीर की सेना को ही ठोक रहे थे। लेकिन अब उन्होंने उस चीन को भी निशाने पर ले लिया है जो शहबाज मुनीर के साथ मिलकर उनके लड़ाकों को मार रहा था। बलूच लड़ाकों ने पाकिस्तान की सेना के साथ ही अब चीन को भी भारी जख्म दे डाला है। पिछले कुछ समय के अंदर बलूच विद्रोहियों ने पाकिस्तान के सैकड़ों सैनिकों को मार डाला है। लेकिन अब चीन भी उनके टारगेट पर आ गया है। खबर है कि हथियारों से लैस बलूच विद्रोहियों ने ग्वादर पोर्ट की तरफ जा रहे एक बड़े कार्गो काफिलों को फूंक डाला है। यानी कि बलूचों ने अब चीन के हाथ भी जलाने शुरू कर दिए हैं। दरअसल भारी गोलीबारी करते हुए बलूच लड़ाकों ने वाहनों को जबरन रोका। चालकों को बंदूक की नोक पर बाहर निकाला और फिर सामान से लदे दो बड़े हैवी ट्रेलरों को फूंक डाला। इस भीषण हमले के दौरान हमलावरों ने एक ड्राइवर का भी अपहरण कर लिया है और सुरक्षा बलों के पहुंचने से पहले ही वह आसपास की दुर्गम पहाड़ियों में गायब हो गए। आग इतनी भयानक थी कि ग्वादर बंदरगाह के लिए भेजा जा रहा कीमती सामान जलकर पूरी तरह से राख हो गया। इस हमले ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि चीन पाकिस्तान आर्थिक गलियारे यानी कि सीबीसी की रीड माने जाने वाले गदर प्रोजेक्ट पर बलूच विद्रोहियों का खौफ किस तरह हावी है और अब पाकिस्तान के साथ-साथ सीधे चीन के हाथ भी जलाने शुरू कर दिए हैं। 

इसे भी पढ़ें: Pakistani Soldiers Killed In Attack: उड़ा डाला पाकिस्तानी सेना का काफिला, सैनिकों के उड़े चिथड़े!


सबसे चौंकाने वाली बात तो यह है कि घटना के दौरान पाकिस्तानी सुरक्षा बलों की नाकामी रही। जानकारी के मुताबिक जब हमलावर कारगो गाड़ियों पर गोलियां बरसा रहे थे और ट्रकों को फूंक रहे थे तो उस दौरान पाकिस्तानी सेना या पुलिस का कोई भी जवान मौके पर नहीं पहुंचा| जब तक सुरक्षा बल पहुंचे तब तक हमलावर ड्राइवर को अगवा कर आराम से फरार हो चुके थे। दरअसल ग्वादर पोर्ट केवल पाकिस्तान का एक साधारण बंदरगाह नहीं है बल्कि चीन के सबसे महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट बेल्ट एंड रोड इनिशिएटिव यानी बीआरआई और चीन पाकिस्तान इकोनॉमिक कॉरिडोर का सबसे अहम दिल माना जाता है। अरब सागर के तट पर बसा यह गर्म पानी का गहरा बंदरगाह पारस की खाड़ी के मुहाने पर और स्टेट ऑफ फॉर्मुज के ठीक बाहर स्थित है। जहां से दुनिया का सबसे बड़ा तेल व्यापार गुजरता है। ग्वादर पोर्ट का मालिकाना हक भले ही पाकिस्तान सरकार के पास हो लेकिन इसका प्रबंध और संचालन पूरी तरह से चीनी कंपनी चाइनीज ओवरसीज पोर्ट होल्डिंग कंपनी के हाथों में है। पाकिस्तान सरकार और चीन पर आरोप लगते आए हैं कि वो बलूच से तेल, गैस और खनिजों जैसे प्राकृतिक संसाधनों को लूट रहे हैं और बदले में स्थानीय बलूच लोगों को केवल गरीबी, बेरोजगारी और सैन्य दमन मिला है। यह वजह है कि बलूच विद्रोही ग्वादर से जुड़ी हर सड़क, हर काफिले और वहां काम करने वाले चीनी नागरिकों को लगातार निशाना बना रहे हैं। 

इसे भी पढ़ें: Balochistan में सुरक्षा बलों ने 5 आतंकियों को किया ढेर, 23 बंधक छुड़ाए


नया हमला इस बात का साफ-सा संकेत है कि बलूच उग्रवादीयों ने अब अपनी रणनीति पूरी तरह बदल ली है। वो केवल सुरक्षा बलों की चौकियों पर ही हमले नहीं कर रहे। बल्कि ग्वादर को पूरे पाकिस्तान से जोड़ने वाले [संगीत] आर्थिक और व्यापारिक रास्ते को तबाह कर रहे हैं। क्योंकि जब ग्वादर जाने वाले सामान से लदे ट्रेलरों को इस तरह सरेआम फूंका जाएगा और ड्राइवरों का अपहरण किया जाएगा तो कोई भी निजी ट्रांसपोर्ट कंपनी या ड्राइवर इस रूट पर जाने की हिम्मत नहीं जुटा पाएगा। 

All the updates here:

अन्य न्यूज़