Uttarakhand Election: 5 लाख परिवारों को सालाना 40 हजार देने से लेकर गैस सिलेंडरों के दाम पर कंट्रोल तक, कांग्रेस ने किए बड़े वादे

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कांग्रेस ने ‘चारधाम, चार काम’ अभियान की शुरूआत की।उत्तराखंड चुनाव अभियान समिति के अध्यक्ष हरीश रावत की मौजूदगी में इस अभियान की शुरूआत करते हुए छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा कि महंगाई और बेरोजगारी चरम पर है।

देहरादून। उत्तराखंड कांग्रेस ने सोमवार को उत्तराखंडी स्वाभिमान—चारधाम, चारकाम चुनाव प्रचार अभियान का आरंभ किया जिसमें उसने जनता से सत्ता में आने पर पांच लाख परिवारों को सालाना 40 हजार रुपये देने, रसोई गैस सिलेंडर के दाम 500 रुपये के पार न जाने देने जैसे चार वादे किए। उत्तराखंड चुनाव अभियान समिति के अध्यक्ष हरीश रावत की मौजूदगी में इस अभियान की शुरूआत करते हुए छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा कि महंगाई और बेरोजगारी चरम पर है और वर्तमान केंद्र सरकार के दौर में गरीब और गरीब जबकि अमीर और अमीर हो गए हैं जिसे ध्यान में रखते हुए प्रदेश कांग्रेस चुनाव ​समिति ने जनता से ये वादे किए हैं। कार्यक्रम में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने मंच पर मौजूद सभी लोगों को उत्तराखंडी टोपी पहनाई।

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केंद्र सरकार पर उद्योगपतियों को लाभ पहुंचाने के लिए गरीब आदमी को भी ग्राहक बनाने का आरोप लगाते हुए बघेल ने कहा कि कांग्रेस पार्टी राज्य में सत्ता में आने पर रसोई गैस के सिलेंडर की कीमत को किसी भी परिस्थिति में 500 रू से अधिक नहीं बढ़ने देगी जिससे घर की अर्थव्यवस्था न बिगडे़। उन्होंने कहा कि बेरोजगारी की समस्या को देखते हुए प्रदेश कांग्रेस ने पांच लाख परिवारों को 40 हजार रुपया सालाना देने का निर्णय किया है जिससे वे सम्मानपूर्वक जीवन जी सकें। उन्होंने कहा कि इसके अलावा, चार लाख लोगों को रोजगार दिया जाएगा और प्रदेश की विषम भौगोलिक परिस्थितियों को देखते हुए घर—घर स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचायी जायेगी जिसके लिए ड्रोन का भी उपयोग किया जाएगा। मंच पर उत्तराखंड के साथ ही झारखंड और छत्तीसगढ़ के पार्टी नेताओं के एक साथ बैठे होने का जिक्र करते हुए वघेल ने कहा कि तीनों राज्यों का निर्माण 2000 में एक साथ हुआ था।

उन्होंने कहा कि झारखंड और छत्तीसगढ़ दोनों में कांग्रेस या कांग्रेस समर्थित सरकारें हैं तो उनका दृढ विश्वास है कि अब उत्तराखंड में भी कांग्रेस की सरकार ही बनेगी। वघेल ने कहा कि पांच साल की पूर्ण बहुमत की सरकार होने के बावजूद भाजपा ने प्रदेश में मुख्यमंत्री पद की गरिमा को तार—तार करते हुए तीन—तीन बार मुख्यमंत्री बदले और एक मुख्यमंत्री ने तो चुनाव का सामना ही नहीं किया। पूर्व मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत और त्रिवेंद्र सिंह रावत का नाम लिए बिना बघेल ने कहा कि एक मुख्यमंत्री ने तो अपने इतिहास के अपने ज्ञान का परिचय देते हुए देश को 200 वर्षों तक अमेरिका का गुलाम बताया जबकि दूसरे ने कोरोना को जीव बताया। उन्होंने कहा, ऐसे अदभुत ज्ञानी व्यक्तियों को खोज—खोज कर मोदीजी ने मुख्यमंत्री की कुर्सियों पर बैठाया है। ऐसा करके भाजपा पर उत्तराखंड का अपमान करने का आरोप लगाते हुए बघेल ने दावा किया कि 14 फरवरी को होने वाले मतदान के जरिए प्रदेश की स्वाभिमानी जनता भाजपा को सत्ता से बाहर कर देगी और कांग्रेस की स्पष्ट बहुमत से सरकार बनाएगी।

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इस संबंध में उन्होंने कहा कि 2018 के चुनाव में कांग्रेस नेता राहुल गांधी द्वारा छत्तीसगढ़ की जनता से किए गए वायदों को पूरा किया जा रहा है और वह तरक्की और विकास के रास्ते पर चल रहा है। केंद्र और राज्य की भाजपा सरकारों पर केवल बातें करने का आरोप लगाते हुए बघेल ने कहा कि एक तरफ ये सरकारें कोरोना महामारी को नहीं रोक पायी और ताली—थाली बजाती रह गयी, दूसरी तरफ इन्होंने देश को नोटबंदी और जीएसटी में झोंक दिया जबकि ये मंहगाई और बेरोगजारी को भी रोकने में विफल रही हैं। हिमाचल प्रदेश में एक लोकसभा और तीन विधानसभा सीटों पर भाजपा की हार के बाद पेट्रोल के दामों में पांच रुपये तथा डीजल की कीमतों में 10 रुपये प्रति लीटर की कमी का जिक्र करते हुए बघेल ने कहा कि इससे सिद्ध हो गया है कि मंहगाई से निजात पाने के लिए भाजपा को हराना होगा। मुख्यमंत्री ने दावा किया कि मंदी का असर छत्तीसगढ़ में नहीं हुआ क्योंकि सरकार ने किसानों सहित जनता को सीधा लाभ पहुंचाया जबकि मंहगाई का असर भी अन्य जगहों की अपेक्षा कम हुआ।

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