तमिलनाडु में Election Commission की बैठक से TVK और DMK सहित कई दलों ने किया वॉकआउट

Prabhasakshi Image
Prabhasakshi

मतदाता सूची के विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण को लेकर बुलाई गई सर्वदलीय बैठक से शुक्रवार को टीवीके, द्रमुक और कांग्रेस के प्रतिनिधियों ने बहिर्गमन किया। इन दलों ने आयोग पर निष्पक्षता से समझौते का आरोप लगाते हुए मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग उठाई। वहीं अन्नाद्रमुक और भाजपा ने बैठक में हिस्सा लेकर अपनी बात रखी।

तमिलनाडु में सत्तारूढ़ तमिलगा वेत्री कषगम (टीवीके) और मुख्य विपक्षी दल द्रविड़ मुनेत्र कषगम (द्रमुक) समेत कई राजनीतिक दलों ने मतदाता सूची के विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण (एसएसआर) पर चर्चा के लिए निर्वाचन आयोग द्वारा शुक्रवार को आयोजित सर्वदलीय बैठक से बहिर्गमन किया। इन दलों ने निर्वाचन आयोग पर ‘‘पारदर्शिता और लोकतांत्रिक निष्पक्षता से समझौता करने’’ का आरोप लगाते हुए मतदाता सूची के पिछले विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) में कथित अनियमितताओं को लेकर मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की। तमिलनाडु के ऊर्जा संसाधन और कानून मंत्री आर. निर्मल कुमार ने भी इस मांग का समर्थन करते हुए कहा कि पिछले पुनरीक्षण की विसंगतियों को दूर किए जाने तक विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण प्रक्रिया शुरू नहीं की जानी चाहिए।

उन्होंने कहा, ‘‘पिछले पुनरीक्षण की आड़ में बड़ी संख्या में मतदाताओं, खासकर युवाओं और महिलाओं के नाम मनमाने ढंग से मतदाता सूची से हटा दिए गए। इन खामियों की नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए मुख्य निर्वाचन आयुक्त को तुरंत इस्तीफा देना चाहिए। पहले इन गंभीर गलतियों को सुधारे बिना एक और संक्षिप्त पुनरीक्षण कराना पूरी तरह अस्वीकार्य है।’’ हालांकि, ऑल इंडिया अन्ना द्रविड़ मुनेत्र कषगम (अन्नाद्रमुक) और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने बैठक में हिस्सा लिया।

अन्नाद्रमुक ने एसआईआर प्रक्रिया के दौरान करीब 97 लाख मतदाताओं के नाम हटाए जाने और स्थानांतरण को लेकर चिंता जताई। बैठक से बहिर्गमन के बाद मीडिया से बातचीत में द्रमुक की विधि शाखा के संयुक्त सचिव आई. परंथामेन ने आरोप लगाया कि मौजूदा निर्वाचन आयोग के तहत मतदाता सूची पुनरीक्षण की प्रक्रिया की विश्वसनीयता नहीं है। कांग्रेस के एक प्रतिनिधि ने भी निर्वाचन आयोग पर भरोसे की कमी और निर्वाचन आयुक्तों को लेकर गंभीर चिंताओं का हवाला देते हुए बैठक से बहिर्गमन करने के पार्टी के फैसले की पुष्टि की।

उन्होंने कहा कि जब तक मुख्य निर्वाचन आयुक्त इस्तीफा नहीं देते, तब तक कांग्रेस आयोग के मौजूदा नेतृत्व की अध्यक्षता में होने वाली बैठकों में हिस्सा नहीं लेगी। तमिलनाडु की मुख्य निर्वाचन अधिकारी अर्चना पटनायक की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में भाजपा सहित भाग लेने वाले दलों के प्रतिनिधि शामिल रहे।

डिस्क्लेमर: प्रभासाक्षी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।


All the updates here:

अन्य न्यूज़