खेतों से गायब हो रही हीरा-मोती की जोड़ी, बाइक से खेतों की जुताई करने को मजबूर किसान

farmers forced to plow the fields by bike
निधि अविनाश । Jul 8 2021 4:50PM

खेतों की जुताई के लिए अब वह मशीनों पर निर्भर हो गए हैं। गोवांश की कमी के बाद मेरठ के लोग अब मशीनरी, उपकरणों का इस्तेमाल करने को मजबूर हो रहे है। इसके अलावा कई किसान बाइक से खेतों की जुताई कर रहे है। एक खबर के मुताबिक, किसान बाइक के पीछे कल्टिवेटर बाधंकर जुताई करते दिखे।

किसान हमारे समाज की रीढ़ हैं। कोविड -19 महामारी ने उन्हें बुरी तरह प्रभावित किया है। कई किसान महामारी के कारण अपनी फसल या अपनी जमीन की जुताई नहीं कर पाए हैं। इसी बीच मेरठ में शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों ने गोवांश का पालन कम कर दिया है।

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खेतों की जुताई के लिए अब वह मशीनों पर निर्भर हो गए हैं। गोवांश की कमी के बाद मेरठ के लोग अब मशीनरी, उपकरणों का इस्तेमाल करने को मजबूर हो रहे है। इसके अलावा कई किसान बाइक से खेतों की जुताई कर रहे है। एक खबर के मुताबिक, किसान बाइक के पीछे कल्टिवेटर बाधंकर जुताई करते दिखे। जानकारी के लिए बता दें कि, देश में बड़े किसानों से ज्यादा छोटे और मझोले किसानों की संख्या अत्याधिक है। 

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पहले किसान गाय की जोड़ी रख खेतों की जुताई करते थे और धान- फसलों का अच्छा उत्पादन करते थे लेकिन गाय की हीरा-मोती की जोड़ी न होने के बाद से किसानों को अब मजबुरी में बाइक का सहारा लेकर खेतों की जुताई करना पड़ रहा है। गोवांश की कमी के कारण अब खेतों में बाइक और साइकिल से खेतों को जोतते देखा जा रहा है। 

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