गोरखपुर कलेक्ट्रेट परिसर में नामांकन करने गये समाजवादी धरने पर बैठे

SP
प्रणव तिवारी । Jun 26, 2021 9:27PM
सपा के जिलाध्यक्ष नगीना प्रसाद साहनी ने कहा कि जिला प्रशासन और पुलिस भाजपा के एजेंट के रूप में कार्य कर रहे हैं। चारों ओर दहशत और आतंक का माहौल है। भाजपा सरकार लोकतंत्र को कुचलने में लगी है। विपक्ष की आवाज को दबाने की साजिशें हो रही हैं।

गोरखपुर। सपा के जिलाध्यक्ष नगीना प्रसाद साहनी ने कहा कि जिला पंचायत अध्यक्ष प्रत्याशी को चुनाव नामांकन नहीं करने दिया गया ।यह मुख्यमंत्री के जनपद गोरखपुर में लोकतंत्र की हत्या है। भाजपा जिला पंचायत अध्यक्ष के प्रत्याशी के साथ आए सैकड़ों की संख्या में अपराधियों ने कलेक्ट्रेट परिसर में अपना कब्जा बनाया हुआ था। जिले के आला अफसर अपराधियों के हाथ पैर जोड़ते देखे गए। गोरखपुर जिला प्रशासन और गोरखपुर पुलिस मुकदर्शक बने रहे। पुलिस अधीक्षक, नगर आईपीएस, नगर मजिस्ट्रेट, एडीएम सिटी समेत तमाम आईपीएस,पीसीएस आफिसर के समक्ष पूर्व जिला पंचायत सदस्य पारस नाथ यादव के साथ मारपीट किया गया।  उपरोक्त अधिकारी गण मूकदर्शक बने रहे । जिला प्रशासन और पुलिस भाजपा के एजेंट के रूप में कार्य कर रहे हैं। चारों ओर दहशत और आतंक का माहौल है। भाजपा सरकार लोकतंत्र को कुचलने में लगी है। विपक्ष की आवाज को दबाने की साजिशें हो रही हैं। भाजपा लोकतंत्र को कुचलने में लगी है।समाज में भय और अराजकता का वातावरण है।

इसे भी पढ़ें: उत्तर प्रदेश में योगी आदित्यनाथ की सरकार, यहां नहीं हो पाएगा कोई खेला: सिद्धार्थ नाथ सिंह

समाजवादी पार्टी अपने जन्म से ही लोकतंत्र, समाजवाद और नागरिक अधिकारों की सुरक्षा के लिए प्रतिबद्ध है। अन्याय के विरुद्ध वह सतत संघर्षरत रही है। भाजपा के अन्याय के सामने समाजवादी झुकने वाले नहीं है।अघोषित आपातकाल के कारण संवैधानिक संस्थाओं की विश्वसनीयता कमजोर हो रही है। जागरूक जनता संविधान को बचाने के लिए प्रतिबद्ध है। 2022 में उत्तर प्रदेश का आम जनमानस भाजपा की विदाई के लिए संकल्पित है। जनता की जागरूकता से ही संविधान की रक्षा होगी। सपा जिला अध्यक्ष ने कहा कि हम समाजवादियों के साथ मारपीट करना भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ताओं को महंगा पड़ने वाला है जिसका हिसाब समाजवादी चुन-चुन कर लेंगे।

नोट:कोरोना वायरस से भारत की लड़ाई में हम पूर्ण रूप से सहभागी हैं। इस कठिन समय में अपनी जिम्मेदारी का पूर्णतः पालन करते हुए हमारा हरसंभव प्रयास है कि तथ्यों पर आधारित खबरें ही प्रकाशित हों। हम स्व-अनुशासन में भी हैं और सरकार की ओर से जारी सभी नियमों का पालन भी हमारी पहली प्राथमिकता है।

अन्य न्यूज़