Mahua Moitra को दौरे पर दें सुरक्षा, कलकत्ता HC ने Krishnanagar SP को दिया 30 नवंबर तक का निर्देश

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अभिनय आकाश । Oct 1 2026 1:43PM

जस्टिस सौगत भट्टाचार्य की सिंगल बेंच ने यह भी निर्देश दिया कि मोइत्रा की इस याचिका को चीफ जस्टिस रवींद्र वी. घुगे की अध्यक्षता वाली डिवीजन बेंच के सामने पेश किया जाए। यह निर्देश पश्चिम बंगाल में अंडे फेंकने की घटनाओं से जुड़ी एक PIL (जनहित याचिका) मामले में उनके आदेश के अनुसार दिया गया। जस्टिस भट्टाचार्य ने 1 सितंबर के पिछले आदेश के तहत कृष्णानगर के SP को दिए गए निर्देश के अनुसार, सांसद को दी गई सुरक्षा को 30 नवंबर तक बढ़ा दिया।

कलकत्ता हाई कोर्ट ने गुरुवार को TMC सांसद महुआ मोइत्रा को उनकी कृष्णानगर संसदीय क्षेत्र की यात्राओं के दौरान दो सुरक्षाकर्मी मुहैया कराने का आदेश 30 नवंबर तक बढ़ा दिया। यह आदेश वहां पिछली यात्राओं के दौरान उन पर अंडे फेंकने और परेशान किए जाने के आरोपों को देखते हुए दिया गया है। जस्टिस सौगत भट्टाचार्य की सिंगल बेंच ने यह भी निर्देश दिया कि मोइत्रा की इस याचिका को चीफ जस्टिस रवींद्र वी. घुगे की अध्यक्षता वाली डिवीजन बेंच के सामने पेश किया जाए। यह निर्देश पश्चिम बंगाल में अंडे फेंकने की घटनाओं से जुड़ी एक PIL (जनहित याचिका) मामले में उनके आदेश के अनुसार दिया गया। जस्टिस भट्टाचार्य ने 1 सितंबर के पिछले आदेश के तहत कृष्णानगर के SP को दिए गए निर्देश के अनुसार, सांसद को दी गई सुरक्षा को 30 नवंबर तक बढ़ा दिया।

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कोर्ट ने 1 सितंबर को कृष्णानगर के SP को निर्देश दिया था कि जब भी मोइत्रा अपने चुनाव क्षेत्र में आएं, तो उन पर अंडे फेंकने और अन्य तरह से परेशान करने की कथित घटनाओं को रोकने के लिए दो पुलिसकर्मियों को तैनात करके उन्हें सुरक्षा दी जाए। मोइत्रा के वकील अर्का नाग ने बताया कि कोर्ट के 1 सितंबर के आदेश के बाद, उनके चुनाव क्षेत्र के दौरे के दौरान उन पर अंडे फेंकने और भीड़ के हमले की घटनाएं हुईं। उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि इस याचिका को 27 नवंबर को चीफ जस्टिस की अध्यक्षता वाली डिवीज़न बेंच के सामने पेश किया जाए। एडिशनल एडवोकेट जनरल राजदीप मजूमदार ने बताया कि चीफ जस्टिस घुगे की अध्यक्षता वाली डिवीज़न बेंच ने 23 सितंबर को एक PIL पर आदेश दिया था। इसमें हाई कोर्ट की रजिस्ट्री को निर्देश दिया गया था कि वे ऐसे मामलों की याचिकाएं खोजें जिनमें लोगों या सार्वजनिक हस्तियों पर "अंडे फेंकने" की घटना हुई हो, ताकि उन्हें 27 नवंबर को सुनवाई के लिए लिस्ट किया जा सके।

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