आसियान सम्मेलन में बोले PM मोदी, कोरोना काल में आपसी संबंध हुए और मजबूत

आसियान सम्मेलन में बोले PM मोदी, कोरोना काल में आपसी संबंध हुए और मजबूत

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि इतिहास गवाह है कि भारत और आसियान के बीच हज़ारों साल से जीवंत संबंध रहे हैं। इनकी झलक हमारे साझा मूल्य, परंपराएं, भाषाएं, ग्रंथ, वास्तुकला, संस्कृति, खान-पान हर जगह दिखती हैं।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज ब्रुनेई के सुल्तान हसनल बोलकिया के आमंत्रण पर 18वें दक्षिण पूर्वी एशियाई राष्ट्रों के संगठन आसियान-भारत सम्मेलन में हिस्सा लिया। इस दौरान सम्मेलन को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि कोविड-19 महामारी के कारण हम सभी को अनेक चुनौतियों से जूझना पड़ा। लेकिन ये चुनौतीपूर्ण समय भारत-आसियान मित्रता की कसौटी भी रहा है। कोविड के काल में हमारा आपसी सहयोग, आपसी संवेदना भविष्य में हमारे संबंधों को बल देते रहेंगे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि इतिहास गवाह है कि भारत और आसियान के बीच हज़ारों साल से जीवंत संबंध रहे हैं। इनकी झलक हमारे साझा मूल्य, परंपराएं, भाषाएं, ग्रंथ, वास्तुकला, संस्कृति, खान-पान हर जगह दिखती हैं। 

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पीएम मोदी ने कहा कि 2022 में हमारी साझेदारी 30 साल पूरे करेगी। भारत भी अपनी आजादी के 75 साल पूरे करेगा। मुझे खुशी है कि हम इस महत्वपूर्ण मील के पत्थर को आसियान-भारत मैत्री वर्ष के रूप में मनाएंगे। दक्षिण पूर्वी एशियाई राष्ट्रों के संगठन के ब्रुनेई में हो रहे इस समिट में मोदी वर्चुअली जुड़े। इसमें आसियान-भारत रणनीतिक साझेदारी, कोरोना, स्वास्थ्य, व्यापार और शिक्षा जैसे मुद्दों पर चर्चा हुई। इस सम्मेलन में आसियान देशों के राष्ट्राध्यक्ष और सरकारों के मुखिया शामिल हुए।

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गौरतलब है कि आसियान हमारी एक्ट ईस्ट नीति और भारत-प्रशांत के हमारे व्यापक दृष्टिकोण के लिए महत्वपूर्ण है। 2022 में आसियान-भारत संबंधों के 30 वर्षों को इंगित करेगा। विदेश मंत्री डॉ एस जयशंकर ने अगस्त 2021 में आसियान-भारत विदेश मंत्रियों की बैठक और ईएएस विदेश मंत्रियों की बैठक में हिस्सा लिया था।





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