KPSC भर्ती गड़बड़ी मामले में CID ने IAS अधिकारी ज्ञानेंद्र कुमार गंगवार को हिरासत में लिया

Prabhasakshi Image
Prabhasakshi

कर्नाटक लोक सेवा आयोग की पशु चिकित्सा अधिकारी भर्ती परीक्षा में कथित अनियमितताओं को लेकर सीआईडी ने आईएएस अधिकारी ज्ञानेंद्र कुमार गंगवार को हिरासत में ले लिया है। जांच एजेंसी ने पूछताछ के दौरान सहयोग न करने के आरोप में यह कार्रवाई की है। गंगवार आयोग में पूर्व परीक्षा नियंत्रक रह चुके हैं और वर्तमान में एमएसएमई निदेशक के पद पर तैनात हैं।

कर्नाटक लोक सेवा आयोग (केपीएससी) की पशु चिकित्सा अधिकारियों की भर्ती परीक्षा में कथित अनियमितताओं के मामले में अपराध जांच विभाग (सीआईडी) ने भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस) के अधिकारी ज्ञानेंद्र कुमार गंगवार को हिरासत में लिया है। अधिकारियों ने रविवार को यह जानकारी दी। यह घटनाक्रम तब सामने आया जब गंगवार को जांच अधिकारी की ओर से जारी नोटिस के बाद शुक्रवार और शनिवार को सीआईडी अधिकारियों के समक्ष पेश होने के बाद उनसे पूछताछ की गई।

आधिकारिक सूत्रों के अनुसार, गंगवार से पूछताछ इसलिए की जा रही थी क्योंकि वह फरवरी 2024 से मार्च 2026 तक कर्नाटक लोक सेवा आयोग (केपीएससी) में परीक्षा नियंत्रक के पद पर तैनात थे। सूत्रों ने बताया कि जांच में सहयोग नहीं करने के आरोप में उन्हें हिरासत में लिया गया है। गंगवार 2016 बैच के आईएएस अधिकारी हैं और वर्तमान में उद्योग एवं वाणिज्य विभाग में सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम (एमएसएमई) के निदेशक के पद पर कार्यरत हैं।

सीआईडी भर्ती परीक्षा में कथित अनियमितताओं की जांच कर रही है। इसमें परीक्षा से जुड़े रिकॉर्ड और ओएमआर शीट के रखरखाव तथा इसमें शामिल अधिकारियों और अन्य लोगों की भूमिका की जांच की जा रही है। सूत्रों के अनुसार, सीआईडी आगे की जांच के लिए गंगवार को संबंधित अदालत में पेश कर उनकी हिरासत की मांग कर सकती है।

हाल में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की ओर से केपीएससी में कथित अनियमितताओं के संबंध में छापेमारी किए जाने के बाद अधिकारी के पता-ठिकाने को लेकर विवाद खड़ा हो गया था। इसके बाद राज्य के गृह मंत्री प्रियंक खरगे ने कहा था कि गंगवार ने उन्हें बताया था कि वह अपने पिता की तबीयत से जुड़ी पारिवारिक आपात स्थिति के कारण उत्तर प्रदेश स्थित अपने पैतृक गांव गए थे। इसके बाद प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के अधिकारियों ने भी इस अधिकारी से जुड़े परिसरों पर तलाशी अभियान चलाया था।

अधिकारियों के अनुसार, केपीएससी से जुड़ी अनियमितताओं के मामले में सीआईडी और ईडी अलग-अलग जांच कर रहे हैं।

All the updates here:

अन्य न्यूज़