किराए के लिए मकान मालिक छात्रों और मजदूरों पर न बनाएं दबाव, नहीं तो होगी कड़ी कार्रवाई

किराए के लिए मकान मालिक छात्रों और मजदूरों पर न बनाएं दबाव, नहीं तो होगी कड़ी कार्रवाई

दिल्ली के मुख्य सचिव विजय देव ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वे उन मकान मालिकों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई करें, जो मजदूरों और छात्रों से कोरोना वायरस पर काबू के लिए लागू लॉकडाउन में किराए की मांग कर रहे हैं।

नयी दिल्ली। कोरोना वायरस महामारी से उपजे संकट को देखते हुए दिल्ली सरकार ने एक आदेश जारी किया। जिसमें कहा गया कि मकान मालिक अभी प्रवासी कामगारों से किराया न मागें। सरकार ने कहा कि दिल्ली समेत पूरे देश में लागू चल रहा है। ऐसे में मजदूर के पास पैसा कमाने का कोई रास्ता नहीं है। साथ ही साथ छात्र भी परेशानियों का सामना कर रहे हैं। ऐसे में मकान मालिकों को मजदूरों और छात्रों से एक महीने के लिए किराए की मांग नहीं करनी चाहिए।

मौजूदा हालातों को देखते हुए सरकार ने यह कदम उठाया है। हालांकि पहले भी मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने दिल्ली के मकान मालिकों से अपील कर चुके थे कि किराए के लिए किरायेदारों को न परेशान किया जाए। 

इसे भी पढ़ें: चार कोविड-19 मरीजों पर हुआ प्लाज्मा थेरेपी परीक्षण, केजरीवाल बोले- उत्साहजनक हैं नतीजे 

मकान मालिकों के खिलाफ होगी कड़ी कार्रवाई

दिल्ली के मुख्य सचिव विजय देव ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वे उन मकान मालिकों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई करें, जो मजदूरों और छात्रों से कोरोना वायरस पर काबू के लिए लागू लॉकडाउन में किराए की मांग कर रहे हैं। दिल्ली सरकार द्वारा 22 अप्रैल को आदेश जारी किया गया। जिसमें कहा कि सभी जिला मजिस्ट्रेट अपने-अपने क्षेत्रों में जागरूकता अभियान चलाएंगे और प्रभावित व्यक्तियों को ऐसे मकान मालिकों के खिलाफ पुलिस में शिकायत दर्ज करने की सलाह देंगे।

आदेश में कहा गया है कि दिल्ली सरकार ने 29 मार्च को एक आदेश जारी किया था, जिसमें मकान मालिकों से कहा गया था कि वे मजदूरों और प्रवासियों से एक महीने की अवधि के लिए किराए की मांग नहीं करेंगे। उस आदेश में यह भी कहा गया था कि यदि कोई मकान मालिक मजदूरों और छात्रों को अपना कमरा खाली करने के लिए मजबूर करता है, तो उनके खिलाफ आपदा प्रबंधन कानून 2005 के तहत कार्रवाई हो सकती है। 

इसे भी पढ़ें: CISF ने मेट्रो सेवा दोबारा शुरू करने की बनाई योजना, मास्क लगाइए, आरोग्य सेतु एप रखिए 

100 पर फोन करके करें मकानमालिक की शिकायत

बता दें कि छात्रों को किराए के भुगतान के लिए मजबूर करना या उन्हें मकान खाली करने की धमकी देने जैसी घटनाएं सरकार के संज्ञान में आयी हैं। आदेश में कहा गया है कि जिला मजिस्ट्रेट मजदूरों और छात्रों के उच्च घनत्व वाले इलाकों में जागरूकता अभियान चलाएंगे और प्रभावित व्यक्तियों को 100 नंबर पर फोन कर पुलिस नियंत्रण कक्ष में शिकायतें दर्ज करने की सलाह देंगे। उन्होंने कहा कि पुलिस उपायुक्त इस तरह की शिकायतों के बारे में साप्ताहिक रिपोर्ट भेजेंगे।

गृह मंत्रालय ने भी जारी किया था आदेश

दिल्ली सरकार द्वारा जारी किए गए आदेश से पहले गृह मंत्रालय ने भी 29 मार्च को एक आदेश जारी किया था। जिसमें छात्रों, मजदूरों और प्रवासियों से एक महीने के लिए किराए की मांग करने पर रोक लगायी गई है। 

इसे भी पढ़ें: दिल्ली में 92 नए मामले सामने आने के साथ ही संक्रमितों की संख्या बढ़कर 2248 हुई 

उल्लेखनीय है कि 25 मार्च की देर रात से दिल्ली समेत पूरे देश में लॉकडाउन की घोषणा हो गई थी। जिसके चलते सभी तरह के कामों पर तत्काल प्रभाव से रोक लग गई थी। ऐसे में बड़ी संख्या में प्रवासी मजदूर, छात्र समेत कई लोग दूसरे राज्यों में फंस गए। जिसको देखते हुए सरकार ने मकान मालिकों से अपील की कि वह एक महीने के लिए किराए की मांग न करें।





नोट:कोरोना वायरस से भारत की लड़ाई में हम पूर्ण रूप से सहभागी हैं। इस कठिन समय में अपनी जिम्मेदारी का पूर्णतः पालन करते हुए हमारा हरसंभव प्रयास है कि तथ्यों पर आधारित खबरें ही प्रकाशित हों। हम स्व-अनुशासन में भी हैं और सरकार की ओर से जारी सभी नियमों का पालन भी हमारी पहली प्राथमिकता है।