PM मोदी बोले- हमारी संस्कृति में जननी और जन्मभूमि को माना जाता है सर्वोच्च

PM मोदी बोले- हमारी संस्कृति में जननी और जन्मभूमि को माना जाता है सर्वोच्च

पीएम मोदी ने कहा कि आदिवासी भाई-बहन तो अपने प्रदर्शन से अद्भुद विरासत को देश के सामने लाते हैं। जब हम एक भारत, श्रेष्ठ भारत की बात करते हैं, तो हमें ये भी याद रखना है कि भारत असल में है क्या?

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी गणतंत्र दिवस पर प्रदर्शन करने वाले कैडेट और कलाकारों के साथ बातचीत की। उन्होंने दिल्ली में गणतंत्र दिवस परेड में शिरकत करने वाले सभी कलाकारों और केडैट को संबोधित करते हुए कहा कि मैं गणतंत्र दिवस के लिए और गणतंत्र दिवस परेड के लिए आप सभी को शुभकामनाएं देता हूं। आप एक प्रकार से मिनी इंडिया, न्यू इंडिया को शो-केस करने वाले लोग हैं। भारत असल में क्या है, ये हमारा देश और पूरी दुनिया आपके माध्यम से देखेगी, जानेगी और समझने का प्रयास करेगी। NCC और NSS के माध्यम से अनुशासन और सेवा की एक समृद्ध परंपरा जब राजपथ पर दिखती है, तो देश के करोड़ों युवा प्रेरित और प्रोत्साहित होते हैं। देश की समृद्ध कला-संस्कृति, देश की धरोहर को प्रदर्शित करने वाली झांकियों को लेकर जब आप राजपथ पर निकलते हैं, तो पूरी दुनिया मंत्रमुग्ध होकर उसे देखती है।

इसे भी पढ़ें: CAA और NRC के खिलाफ 30 जनवरी को विरोध मार्च: योगेंद्र यादव

साथ ही पीएम मोदी ने कहा कि आदिवासी भाई-बहन तो अपने प्रदर्शन से अद्भुद विरासत को देश के सामने लाते हैं। जब हम एक भारत, श्रेष्ठ भारत की बात करते हैं, तो हमें ये भी याद रखना है कि भारत असल में है क्या? भारत क्या सिर्फ सरहदों के भीतर 130 करोड़ लोगों का घर मात्र ही है? आपका मन कहेगा जी नहीं, भारत एक राष्ट्र के साथ-साथ एक जीवंत परंपरा है, एक विचार है, एक संस्कार है। भारत की श्रेष्ठता की एक और शक्ति इसकी भौगोलिक और सामाजिक विविधता में ही है। हमारा ये देश एक प्रकार से फूलों की माला है, जहां रंग-बिरंगे फूल भारतीयता के धागे से पिरोए गए हैं।

इसे भी पढ़ें: समस्याएं सुलझाने जम्मू-कश्मीर गये केंद्रीय मंत्रियों ने लोगों का दिल भी जीता

पीएम मोदी ने कहा कि राजपथ पर आपके प्रदर्शन से पूरी दुनिया भारत की इस शक्ति के भी दर्शन करती है। इस वर्ष एनसीसी और एनएसएस के साथियों ने खेल से लेकर आपदा राहत कार्यों में अपनी बड़ी भूमिका निभाई है। एनसीसी के कैडेट्स ने गांधी जी की 150वीं जयंती पर देशभर में 8,000 किमी की स्वच्छता यात्रा निकालकर प्रशंसनीय कार्य किया है। हम जिस न्यू इंडिया की तरफ आगे बढ़ रहे हैं, वहां यही आकांक्षाएं, यही सपने हमें पूरे करने हैं। भारत का कोई भी व्यक्ति, कोई भी क्षेत्र पीछे ना रह जाए, ये हमें सुनिश्चित करना है। हम सभी को राष्ट्र के सामूहिक संकल्पों के साथ खुद को जोड़ना होगा।





नोट:कोरोना वायरस से भारत की लड़ाई में हम पूर्ण रूप से सहभागी हैं। इस कठिन समय में अपनी जिम्मेदारी का पूर्णतः पालन करते हुए हमारा हरसंभव प्रयास है कि तथ्यों पर आधारित खबरें ही प्रकाशित हों। हम स्व-अनुशासन में भी हैं और सरकार की ओर से जारी सभी नियमों का पालन भी हमारी पहली प्राथमिकता है।

Prabhasakshi logoखबरें और भी हैं...

राष्ट्रीय

झरोखे से...