बीना स्थित भारत-ओमान रिफाइनरी में अस्पताल के निर्माण कार्य की समीक्षा

बीना स्थित भारत-ओमान रिफाइनरी में अस्पताल के निर्माण कार्य की समीक्षा

मुख्यमंत्री चौहान को बताया गया कि अस्पताल की विद्युत आपूर्ति के लिए विद्युत सब स्टेशन का निर्माण कार्य तीव्र गति से प्रगतिरत है। विद्युत आपूर्ति के बैकअप के रूप में रिफाइनरी की विद्युत व्यवस्था को सपोर्ट सिस्टम बनाया गया है। रिफानरी के बेतवा जलस्रोत से ही पेयजल आपूर्ति की व्यवस्था की जा रही है।

भोपाल। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने बीना स्थित भारत-ओमान रिफाइनरी में एक हजार बिस्तर के निर्माणाधीन चिकित्सालय की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने निर्माण एवं संचालन कार्य से जुड़े विभिन्न बिन्दुओं पर सीधे संबंधित क्रियान्वयन एजेंसी और अधिकारी से संवाद कर कार्य की प्रगति का विवरण प्राप्त किया। मुख्यमंत्री चौहान सोमवार को  मुख्यमंत्री निवास से वीडियो कॉन्फ्रेंस से निर्माण कार्य की समीक्षा कर रहे थे। वीडियो कॉन्फ्रेंस में नगरीय विकास एवं आवास मंत्री भूपेन्द्र सिंह, प्रमुख सचिव औद्योगिक नीति एवं निवेश प्रोत्साहन संजय शुक्ला, प्रमुख सचिव लोक निर्माण नीरज मंडलोई, बीना स्थित भारत-ओमान रिफाइनरी लिमिटेड के संचालक भंडारी एवं अन्य निर्माण एजेंसियों के प्रतिनिधि एवं प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित थे।

 

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मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि अस्पताल निर्माण की व्यवस्थाएँ ऑल वैदर प्रूफ होनी चाहिए, जो आंधी, तूफान और बरसात से भी प्रभावित न हों। उन्होंने कहा कि आवश्यकता होने पर अस्पताल के बिस्तरों की संख्या एक हजार से बढ़ाकर पाँच हजार तक करने के लिए विद्युत आपूर्ति, पेयजल आदि की मूलभूत सुविधाओं का विकास किया जाए। मुख्यमंत्री ने अस्पताल संचालन से संबंधित सभी बिन्दुओं पर पृथक-पृथक जानकारी प्राप्त की।

 

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मुख्यमंत्री चौहान को बताया गया कि अस्पताल की विद्युत आपूर्ति के लिए विद्युत सब स्टेशन का निर्माण कार्य तीव्र गति से प्रगतिरत है। विद्युत आपूर्ति के बैकअप के रूप में रिफाइनरी की विद्युत व्यवस्था को सपोर्ट सिस्टम बनाया गया है। रिफानरी के बेतवा जलस्रोत से ही पेयजल आपूर्ति की व्यवस्था की जा रही है। जल स्रोत में पर्याप्त जल का संचयन है। कनेक्टिविटी के लिए करीब डेढ़ किलोमीटर की सड़क का निर्माण कार्य भी शुरु हो गया है। चिकित्सालय की भोजन, जलपान आदि व्यवस्थाओं के लिए अक्षय पात्र फाउंडेशन के साथ अनुबंध किया गया है। साफ-सफाई के लिए निजी एजेंसियों के साथ अनुबंध की कार्यवाही प्रचलित है।

 

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मुख्यमंत्री चौहान ने प्लांट से रोगी तक ऑक्सीजन वितरण के बिन्दु की भी समीक्षा की। बताया गया कि प्लांट से ऑक्सीजन पाईप लाइन द्वारा चिकित्सालय तक जाएगी। पाईप लाइन निर्माण की कार्यवाही भी जारी हो गई है। बीना स्थित भारत-ओमान रिफाइनरी के प्रबंध संचालक भंडारी ने बताया कि प्लांट में 90 टन क्षमता के दो ऑक्सीजन प्लांट उपलब्ध हैं। एक प्लांट का ट्रायल रन विगत 20 अप्रैल से किया जा रहा है। दूसरे का ट्रायल रन सोमवार से शुरु हो गया है।





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