पीयूष गोयल ने दक्षिण कोरिया के व्यापार मंत्री, उद्योगपतियों के साथ की बैठक

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  जनवरी 22, 2020   19:15
पीयूष गोयल ने दक्षिण कोरिया के व्यापार मंत्री, उद्योगपतियों के साथ की बैठक

रेल मंत्रालय की भी जिम्मेदारी संभाल रहे गोयल ने यहां उद्योगपतियों के साथ गोलमेज बैठक में भारतीय रेलवे में निवेश बढ़ाने के उपायों पर चर्चा की। बैठक के दौरान मंत्री ने रेलवे में नवप्रवर्तन और आधुनिकीकरण को रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि इसमें निवेश के कई अवसर हैं।

दावोस। केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने बुधवार को दक्षिण कोरिया के व्यापार मंत्री यू यंग-ही के साथ द्विपक्षीय व्यापार और निवेश से संबंधित मुद्दों पर चर्चा की। उन्होंने विश्व आर्थिक मंच (डब्ल्यूईएफ) की बैठक के दौरान कई उद्योगपतियों और विदेश मंत्रियों से भी मुलाकात की। गोयल ने ट्विटर पर यह जानकारी दी। उन्होंने कहा कि दक्षिण कोरिया के मंत्री के साथ व्यापार और निवेश बढ़ाने से जुड़े भारत की चिंताओं को उठाया। 

रेल मंत्रालय की भी जिम्मेदारी संभाल रहे गोयल ने यहां उद्योगपतियों के साथ गोलमेज बैठक में भारतीय रेलवे में निवेश बढ़ाने के उपायों पर चर्चा की। बैठक के दौरान मंत्री ने रेलवे में नवप्रवर्तन और आधुनिकीकरण को रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि इसमें निवेश के कई अवसर हैं। इसके अलावा गोयल ने एनह्यूसर बुश इन बेव के वैश्विक सीईओ कार्लोस ब्रिटो के साथ भी बैठक की और भारत सरकार द्वारा कारोबार सुगमता के लिये उठाये गये कदमों के बारे में जानकारी दी। वाणिज्य मंत्री ने वीजा के सीईओ और चेयरमैन अलफ्रेड एफ केली जूनियर तथा यूनिलीवर के सीईओ एलन होप के साथ भी बैठक की।

विश्व आर्थिक मंच की लोगों को हुनरमंद बनाने की पहल से जुड़ा भारत

भारत बुधवार को विश्व आर्थिक मंच (डब्ल्यूईएफ) के दुनिया भर में लोगों को नये परिवेश के मुताबिक पुन:हुनरमंद बनाने की पहल से जुड़ गया है।भारत सरकार इस अभियान के संस्थापक सदस्य के रूप में जुड़ी है।इस पहल का उद्देश्य 2030 तक दुनियाभर में एक करोड़ लोगों को बेहतर शिक्षा, कौशल और रोजगार उपलब्ध करा क्षेत्र में क्रांति लाना है। इस योजना का मकसद कर्मचारियों को इस रूप से कुशल करना है जिससे की भविष्य में प्रौद्योगिकी में आने वाले बदलाव से उन पर कोई असर नहीं हो। साथ ही नये हुनरमंद कामगार उपलब्ध कराकर अर्थव्यवस्थाओं को चौथी आद्योगिक क्रांति के लिये मदद करना है। इस पहल के संस्थापक सदस्यों में ब्राजील, फ्रांस, भारत, पाकिस्तान, रूस, संयुक्त अरब अमीरात और अमेरिका शामिल हैं।कारोबारी सहयोगियों में पीडब्ल्यूसी, सेल्सफोर्स, मैनपावर ग्रुप, इन्फोसिस, लिंक्डइन, कोरसेरा इंक और द एडेको ग्रुप शामिल हैं।

इसे भी पढ़ें: इमरान से मिलने के बाद ट्रंप ने अलापा कश्मीर राग,कहा- घटनाक्रम पर है करीबी नजर

विश्व आर्थिक मंच (डब्ल्यूईएफ) के संस्थापक और कार्यकारी चेयरमैन क्लॉस श्वाब ने कहा, ‘‘बेहतर समाज और समावेशी समाज तैयार करने का बेहतर तरीका हर किसी को अच्छा रोजगार और आय उपलब्ध कराना है। यहां दावोस में हम सार्वजनिक-निजी मंच सृजित कर रहे हैं जो एक अरब लोगों को वह कौशल प्रदान करेगा जो चौथी औद्योगिक क्रांति के लिये जरूरत है... इस बदलाव के लिये कौशल क्रांति की जरूरत है।’’ डब्ल्यूईएफ ने कहा कि इस तरह के सार्वजनिक-निजी प्रयासों से एक अरब लोगों को पुन:हुनरमंद बनाने का लक्ष्य हासिल किया जाएगा। लिंक्डइन हुनरमंद क्रांति पहल के लिये डेटा भागीदार है।





Disclaimer:प्रभासाक्षी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।