एनाबेल की गुड़िया आ रही है फिर से डराने, क्या इस बार खत्म हो जाएगा शैतान!

  •  रेनू तिवारी
  •  जून 19, 2019   18:31
  • Like
एनाबेल की गुड़िया आ रही है फिर से डराने, क्या इस बार खत्म हो जाएगा शैतान!

फिल्म ''एनाबेल कम्स होम'' का ट्रेलर काफी डरावना है। ये पहले की आई एनाबेल की दो सीरीज से ज्यादा डरावना नजर आ रहा है। एनाबेल के तीसरे पार्ट में गुड़िया काफी ताकतवर नजर जा रही है।

'कॉन्ज्यूरिंग' फिल्म की वो भयानक गुड़िया एक बार फिर 'एनाबेल कम्स होम' के साथ सिनेमाघरों में आप सभी को डराने के लिए तैयार है। फिल्म एनाबेल की सीरीज की ये तीसरी और आखिरी फिल्म है इस बार इस फिल्म में शैतान का अंत कर दिया जाएगा। फिल्म का ट्रेलर रिलीज हो चुका है। फिल्म 'एनाबेल कम्स होम' का ट्रेलर काफी डरावना है। ये पहले की आई एनाबेल की दो सीरीज से ज्यादा  डरावना नजर आ रहा है। एनाबेल के तीसरे पार्ट में गुड़िया काफी ताकतवर नजर जा रही है।

आपको बता दें कि इस फिल्म की कहानी, एनाबेल के पहले पार्ट से जुड़ी है फिल्म में एक महिला अपनी डॉक्टर के पढ़ाई कर रही बेटी के जन्मदिन पर उसे एक अलग तरह की गुड़िया तोहफे में देती है।  गुड़िया की जब से घर में एंट्री होती है तब से घर में अजीब- अजीब घटनाएं होने लगती है, किसी को समझ में नहीं आता कि आखिर घर में अचानक ये सब क्या होने लगा। घर का सामान अपने आप उड़ कर कहीं और चला जाता है। फिर धीरे- धीरे गिफ्ट मिली गुड़िया को ऑबजर्व किया जाता है और तब पता चलता है कि गुड़िया के अंदर किसी की आत्मा है। परिवार वाले गुड़िया पूछते है कि वो कौन है? उसे क्या चाहिए तब गुड़िया झूठ बोलती है कि मेरे अंदर एक छोटे से बच्चे की आत्मा है जो उनकी बेटी के साथ रहना चाहती है, खेलना चाहती है। लेकिन डरावनी हरकतें ज्यादा होने के बाद घरवाले को पैरानॉर्मल एक्सपर्ट टीम को बुलाते हैं। जिसके बाद पता चलता है कि इस गुड़िया ने अंदर एक बेहद ही शक्तिशाली शैतान है। जो बेटी को मार डालेगा। 

इसे भी पढ़ें: प्रियंका चोपड़ा का जलवा, लंदन के मैडम तुसाद संग्रहालय में आएंगी नजर

फिल्म 'एनाबेल कम्स होम' का निर्देशन गैरी डॉबरमैन ने किया है। ये फिल्म 28 जून को रिलीज होने वाली है। 

यह भी देखें-







हॉलीवुड स्टार रसेल ब्रांड ने अली फजल के लिए दिया एक खूबसूरत संदेश

  •  रेनू तिवारी
  •  जनवरी 14, 2021   14:17
  • Like
हॉलीवुड स्टार रसेल ब्रांड ने अली फजल के लिए दिया एक खूबसूरत संदेश

पिछले एक साल से डेथ ऑन द नाइल के कलाकारों के बीच की मुलाकात स्थगित की जा रही है, लेकिन अली फ़ज़ल अपने सह-कलाकारों के संपर्क में बने रहे है।

प्रेस विज्ञप्ति अली फज़ल पीआर टीम। पिछले एक साल से डेथ ऑन द नाइल के कलाकारों के बीच की मुलाकात स्थगित की जा रही है, लेकिन अली फ़ज़ल अपने सह-कलाकारों के संपर्क में बने रहे है। केनेथ ब्रानघ डायरेक्टोरियल डेथ ऑन द नाइल को अक्टूबर 2020 में स्क्रीन पे रिलीज़ होने की उम्मीद थी, लेकिन अब सितंबर 2021 में यह फिल्म रिलीज़ होगी।

इसे भी पढ़ें: परिणीति की फिल्म The Girl On The Train का टीजर रिलीज, प्रियंका चोपड़ा ने की तारीफ 

एक अख़बार के साथ बातचीत में, फ़ज़ल ने अपने सह-कलाकार रसेल ब्रांड के बारे में बात की, जिसने उन्हें लॉकडाउन के महीनों के दौरान महसूस किया था। इस खबर को पढ़कर ब्रांड ट्विटर पर लिखा, "अली फज़ल एक शानदार व्यक्ति है और जबरदस्त अभिनेता है। फिल्म में सबसे बेहतरीन उनकी मूंछें थी।"

इसे भी पढ़ें: बहन ने शेयर किया सुशांत सिंह राजपूत नोट, अपने हाथों से लिखा जीवन का असल खेल 

इसी नाम से अगाथा क्रिस्टी की किताब पर आधारित, फिल्म केनेथ ब्रनघ की आखिरी फिल्म अगाथा क्रिस्टी की किताब पर आधारित - मर्डर ऑन द ओरिएंट एक्सप्रेस का एक्सटेंशन है। इस फिल्म में गैल गैडोट, एम्मा मैके, लेटिटिया राइट, एनेट बिंग के साथ केनेथ ब्रानघ ने हरक्यूल पोयरोट की भूमिका निभाई है।







अंतरराष्ट्रीय भारतीय फिल्म समारोह में सत्यजीत रे को दी जायेगी श्रद्धांजलि

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  जनवरी 13, 2021   17:59
  • Like
अंतरराष्ट्रीय भारतीय फिल्म समारोह में सत्यजीत रे को दी जायेगी श्रद्धांजलि

अंतरराष्ट्रीय भारतीय फिल्म समारोह में सत्यजीत रे को श्रद्धांजलि दी जायेगी।इस समारोह के पैनोरमा खंड में तुषार हीरानंदानी की निर्देशित फिल्म ‘सांढ की आंख’ पहली फिल्म होगी। उसमें तापसू पन्नू और भूमि पेडनेकर ने अभिनय किया है। इस 51 वें फिल्म समारोह में विभिन्न खंडों में 224 फिल्में दिखायीं जाएंगी।

नयी दिल्ली। इक्यावनवें अंतरराष्ट्रीय भारतीय फिल्म समारोह (आईएफएफआई)में महान फिल्मकार सत्यजीत रे की पांच प्रमुख फिल्मों का प्रदर्शन करके उनके योगदान को याद किया जाएगा। हर वर्ष 20-28 नवंबर के दौरान गोवा में होने वाला यह समारोह पिछले साल कोरोना वायरस महामारी के चलते स्थगित कर दिया गया था जो अब 16-24 जनवरी के दौरान होगा। रे को श्रदांजलि के तौर पर इस समारोह में उनकी ‘पाथेर पांचाली’, ‘चारूलता, ‘सोनार केल्ला’ , पहली हिंदी फिल्म ‘शतरंज के खिलाड़ी’ और ‘घरे बैरे’ प्रदर्शित की जाएगी।

इसे भी पढ़ें: बहन ने शेयर किया सुशांत सिंह राजपूत नोट, अपने हाथों से लिखा जीवन का असल खेल

इस समारोह के पैनोरमा खंड में तुषार हीरानंदानी की निर्देशित फिल्म ‘सांढ की आंख’ पहली फिल्म होगी। उसमें तापसू पन्नू और भूमि पेडनेकर ने अभिनय किया है। इस 51 वें फिल्म समारोह में विभिन्न खंडों में 224 फिल्में दिखायीं जाएंगी। यह समारोह कोरोना वायरस महामारी के चलते हाइब्रिड प्रारूप में होगा। इस साल बांग्लादेश मुख्य केंद्र देश हैं और वहां की चार फिल्में दिखायी जाएंगी।





Disclaimer:प्रभासाक्षी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।




भारत में जन्मे प्रसिद्ध पाकिस्तानी उर्दू शायर नसीर तुराबी का निधन

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  जनवरी 11, 2021   18:00
  • Like
भारत में जन्मे प्रसिद्ध पाकिस्तानी उर्दू शायर नसीर तुराबी का निधन

भारत में जन्मे प्रसिद्ध पाकिस्तानी उर्दू शायर और लेखक नसीर तुराबी का दिल का दौरा पड़ने से कराची में निधन हो गया। वह 75 साल के थे। डॉन अखबार ने सोमवार को खबर प्रकाशित करते हुए जानकारी दी कि हैदराबाद डेक्कन में 15 जून, 1945 को जन्मे तुराबी के परिवार में पत्नी और दो बेटे हैं।

कराची। भारत में जन्मे प्रसिद्ध पाकिस्तानी उर्दू शायर और लेखक नसीर तुराबी का दिल का दौरा पड़ने से कराची में निधन हो गया। वह 75 साल के थे। डॉन अखबार ने सोमवार को खबर प्रकाशित करते हुए जानकारी दी कि हैदराबाद डेक्कन में 15 जून, 1945 को जन्मे तुराबी के परिवार में पत्नी और दो बेटे हैं।

इसे भी पढ़ें: विधु विनोद चोपड़ा ने अपनी जिंदगी और सिनेमा के सफर पर लिखी किताब

अखबार के मुताबिक रविवार शाम यहां दिल का दौरा पड़ने से उनका इंतकाल हो गया। तुराबी को सोमवार को वादी-ए-हुसैन कब्रिस्तान में सुपुर्दे खाक किया गया। उनके पिता अल्लामा रशीद तुराबी जानेमाने धार्मिक विद्वान थे जो 1947 में विभाजन के बाद पाकिस्तान आकर कराची में बस गये थे।

इसे भी पढ़ें: राजद्रोह मामले में कंगना रनौत को बड़ी राहत, कोर्ट ने 25 जनवरी तक कार्रवाई टाली

नसीर तुराबी ने 1962 में कराची विश्वविद्यालय से पत्रकारिता में एमए की डिग्री प्राप्त की थी। उनकी प्रसिद्ध रचनाओं में गजल ‘वो हमसफर था’ का नाम भी लिया जाता है जिसे बाद में 2011 में पाकिस्तानी धारावाहिक हमसफर के संगीत के तौर पर इस्तेमाल किया गया।





Disclaimer:प्रभासाक्षी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।




This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.Accept