Trump on India: 68 अपाचे हेलीकॉप्टर...ट्रंप की भारत को सीधी धमकी

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अभिनय आकाश । Jan 7 2026 4:08PM

बैठक का जिक्र करते हुए ट्रंप ने दावा किया कि पीएम मोदी ने उनसे मिलने के लिए खुद समय मांगा था। ट्रंप ने इसे रिश्तों की मजबूती से जोड़कर देखा लेकिन साथ ही नाराजगी का संकेत भी दे दिया। ट्रंप ने रक्षा सहयोग की बात करते हुए कहा कि भारत लंबे वक्त से अपाचे हेलीकॉप्टर्स का इंतजार कर रहा था। उन्होंने कहा हम इसे बदल रहे हैं। भारत ने 68 अपाचे हेलीकॉप्टर ऑर्डर किए हैं।

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर भारत और पीएम मोदी को लेकर एक बड़ा बयान दिया ट्रंप ने कहा है कि उनके और पीएम मोदी के रिश्ते अच्छे हैं लेकिन इस वक्त प्रधानमंत्री उनसे खुश नहीं ट्रंप के मुताबिक भारत रूस से तेल खरीद रहा और यही बात अमेरिका को खटक रही। ट्रंप ने साफ कहा कि रूसी तेल की खरीद की वजह से भारत को ऊंचे टेरिफ चुकाने पड़ रहे हैं। यानी एक बैठक का जिक्र करते हुए ट्रंप ने दावा किया कि पीएम मोदी ने उनसे मिलने के लिए खुद समय मांगा था। ट्रंप ने इसे रिश्तों की मजबूती से जोड़कर देखा लेकिन साथ ही नाराजगी का संकेत भी दे दिया। ट्रंप ने रक्षा सहयोग की बात करते हुए कहा कि भारत लंबे वक्त से अपाचे हेलीकॉप्टर्स का इंतजार कर रहा था। उन्होंने कहा हम इसे बदल रहे हैं। भारत ने 68 अपाचे हेलीकॉप्टर ऑर्डर किए हैं।

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इससे पहले भी ट्रंप ने पीएम मोदी को लेकर एक बयान दिया था। उन्होंने उस दौरान यह बात कही थी कि प्रधानमंत्री मोदी बहुत अच्छे इंसान है और वह जानते हैं कि इस वक्त मैं खुश नहीं हूं। मुझे खुश करना जरूरी है। इसी बयान ने सियासी हलकों में हलचल मचा दी। ट्रंप पहले भी कई बार भारत को लेकर उल्टे सीधे बयान दे चुके हैं। ट्रंप ने इससे पहले भी चेतावनी दी थी कि अमेरिका चाहे तो भारत पर बहुत तेजी से टेररिफ बढ़ा सकता है। उनका कहना रहा है कि भारत अमेरिका के साथ व्यापार तो करता है लेकिन रूस से तेल खरीद कर गलत संदेश देता है। ट्रंप साफ तौर पर कह चुके हैं कि जो देश रूस के साथ व्यापार जारी रखेंगे उनके खिलाफ सख्त कदम उठाए जा सकते हैं।

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पिछले साल ट्रंप ने इस नाराजगी को टेरिफ में बदल दिया था। भारत पर 25% रेसिप्रोकल टेरिफ लगाया गया। इसके अलावा रूसी तेल खरीदने को लेकर 25% का अतिरिक्त पेनल्टी टेरिफ भी ठोक दिया गया। यानी कुछ सामानों पर कुल टैक्स 50% तक पहुंच गया। इस फैसले के बाद भारत अमेरिका रिश्तों में काफी बदलाव आया। भारत ने तब भी यह बात कही थी कि उसके फैसले राष्ट्रीय हित और ऊर्जा सुरक्षा को ध्यान में रखकर किया जाता है। यहां बड़ी बात यह है कि ट्रंप की यह चेतावनीयां ऐसे वक्त में आई जब कुछ हफ्ते पहले ही ट्रंप और पीएम मोदी के बीच फोन पर बातचीत हुई थी। उस बातचीत में दोनों नेताओं ने टेररिफ तनाव के बावजूद व्यापार और सहयोग आगे बढ़ाने पर सहमति जताई थी।

फोन कॉल से कुछ दिन पहले ट्रंप ने भारतीय चावल को लेकर भी नाराजगी जताई थी। एक राउंड टेबल बैठक में उन्होंने सवाल उठाया था कि भारत को चावल पर छूट क्यों मिल रही और उन्होंने यह चेतावनी भी वहां पर दी थी कि भारत को भी टेरिफ देना होगा। 

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